भ्रष्टाचार और दुराचार | Poem on corruption in Hindi

भ्रष्टाचार और दुराचार ( Bhrashtachar aur durachar )   कष्ट भरी जिंदगी में केवल भरा भ्रष्टाचार हैं भ्रष्टाचारी लोगो के सामने आज भगवान भी लाचार है   किसी के  मन में अब न...

लड़की हूँ तो क्या हुआ | Ladki hun to kya hua...

लड़की हूँ तो क्या हुआ ( Ladki hun to kya hua )     दुनिया में पीड़ा बहूत है कब तक तु अपने दुखों को गाएगी इस मतलब भरी दुनिया...

सोनू-सूद | Sonu Sood par kavita

"️️सोनू-सूद" ( Sonu Sood )    जन-जन से उसका रिस्ता है, इंसान नहीं वो"फरिस्ता"है || 1. एक द्रश्य देख दिल दहल उठा, उन बेसहाय् परिवारों का | जो निकल...

दीपावली | Deepawali kavita

दीपावली ( Deepawali )     आ गई दीवाली, आ गई दीवाली ......|| 1.नव रात्र गये गया दशहरा, लो आ गई दीवाली | साल में सबसे हिन्दुस्तानी, त्यौहार बड़ा दीवाली...

दुःख होता है | Dukh hota hai

दुःख होता है ( Dukh hota hai )     तेरे हंसने पर मैं भी हँसने लगता हूँ तेरे दुःख से मुझे भी दुःख होता है तेरे दुःखी होने पर भी मुझे दुःख...

मिलाते तो सही | Milate to sahi poem

मिलाते तो सही ( Milate to sahi poem )   आवाज़ से आवाज़ मिलाते तो सही....! दिल से दिल मिलाते तो सही.....! मन से मन मिलाते तो सही.....! हाँ में हाँ मिलाते तो सही.......! सुर...

पहल्यां ही बता देंदी | Hariyanwi kavita

पहल्यां ही बता देंदी ( Pahalyaan hi bata dendee )   बैरण! तू मनै पहल्यां ही बता देंदी जिब बात्याँ का सिलसिला शुरू करया था क्यूँ इतणा लगाव बढ़ाया...

मंजिल का एहसास | Prernadayak poem

 मंजिल का एहसास ( Manzil ka ahsas )     यूं ही तो नही ये मेरे मेरे सपनों की उड़ान है, कुछ तो है मन के अंदर तो जुड़ा...

घायल खेतों की तस्वीर दिखाने आया हूँ | Kavita

घायल खेतों की तस्वीर दिखाने आया हूँ ( Ghayal kheton ki tasweer dikhane aya hoon )     घायल जख्मी खेतों की तस्वीर दिखाने आया हूँ। बहते हुवे अश्कों...

मुहूर्त | Muhurat par kavita

 मुहूर्त  ( Muhurat )   क्यों भागे मनवा व्यर्थ मुहूर्त के पीछे || 1.न जन्म मुहूर्त से हुआ, न मृत्यू होगी किसी मुहूर्त मे | फिर क्यो सारी जिन्दगी...