भयमुक्त समाज बने

आज पूरा समाज डरा हुआ है। पहले रास्ते चलते यदि कोई साथी मिल जाता था तो सोचते थे कि कोई साथी मिल गया है परन्तु आज उल्टा हो गया है। अब लोग जानवरों से अधिक मनुष्य से डरने लगा है। मनुष्य को हर समय यह भय सताता रहा है कि अकेला पड़ने पर कही कोई … Continue reading भयमुक्त समाज बने