Tag: Badnaseeb shayari
ख़ुशी से बहुत बदनसीब हूँ | Badnaseeb Shayari
ख़ुशी से बहुत बदनसीब हूँ ( Khushi se bahut badnaseeb hoon ) ख़ुशी से बहुत बदनसीब हूँ बड़ा जिंदगी में ग़रीब हूँ वफ़ा पर तू मेरी यकीन कर तेरा एक सच्चा हबीब हूँ भला चाहता हूँ सदा तेरा नहीं दोस्त कोई रकीब हूँ वही दिल दुखा अब रहा मेरा यहाँ…
ख़ुशी से आज़म बदनसीब है | Badnaseeb shayari
ख़ुशी से आज़म बदनसीब है ( Khushi se azam badnaseeb hai ) ख़ुशी से आज़म बदनसीब है बड़ा जिंदगी में ग़रीब है वफ़ा में दग़ाबाज सब मिले नहीं कोई सच्चा हबीब है चला दूर मैं इसलिए आया यहाँ कौन मेरा रकीब है वही दिल दुखा अब रहा मेरा रहा जिसके हर…