दलितों के भगवान थे: डॉ भीमराव अम्बेडकर

आधुनिक समय में जहां लोग कुत्ते का जूठा पानी तो पी सकते थे लेकिन एक मनुष्य के छूने से लोगों का धर्म भ्रष्ट हो जाता था। उन्हें गांव से दूर जंगलों बस्तियों में रहने को मजबूर होना पड़ता था। उनकी जिंदगी जानवरों से भी बदतर थी। ऐसी परिस्थिति में एक ऐसे दिव्य महामानव का जन्म … Continue reading दलितों के भगवान थे: डॉ भीमराव अम्बेडकर