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  • नारी: एक अनोखी पहचान | Nari jeevan kavita

    नारी: एक अनोखी पहचान | Nari jeevan kavita

    नारी: एक अनोखी पहचान ( Nari : Ek anokhi pahchan )     अंधकार भरी जिंदगी हैं कब तक दिये की रोशनी काम आएगी। दुसरो की पहचान पर जी रही, क्या कभी तेरी अलग पहचान बना पाएगी।   घर के काम और रसोई ऐसे ही तेरे हाथों चलती जाएगी। कब तक नकाब के पीछे तेरी…