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  • गम छुपा यूं मुस्कुराते रहे | Gam ki Shayari Hindi

    गम छुपा यूं मुस्कुराते रहे ( Gam chhupa yun muskurate rahe )    हम हंसते रहे अधर गाते रहे। गम छुपा यूं हम मुस्कुराते रहे। घात लगाए बैठे जहां में कई। हम प्यार के मोती लुटाते रहे। अड़चनें विघ्न बाधा आते रहे। प्रगति पथ पे कदम बढ़ते रहे। हौसलों की उड़ानें भावन हुई। बुलंदियों को…