Tag: Prem dhun lagi re
प्रेम धुन लागी रे | Geet Prem Dhun Lagi Re
प्रेम धुन लागी रे ( Prem dhun lagi re ) कृष्ण कन्हैया मोहन प्यारे, मीरा तेरे दर आगी रे। तेरे भजन में झूमे गाए, प्रेम धुन लागी रे। नटखट बंसी वाला माधव, प्रेम रस का प्याला। रुनक झुनक बाजे पैजनिया, ठुमक ठुमक नंदलाला। नरसी का सांवरिया सुन ले, मीरा हो गई बड़भागी रे। जोगन…