यह इश्क है गर तो ऐसी | Ye ishq shayari

यह इश्क है गर तो ऐसी

( Yeh ishq hai gar to aisi ) 

#lustorlove #Psycho #shameful #sad

 

यह इश्क है ‘गर तो ऐसी , मौला, आशिकी किसी को न दे
जिस्मों से ही खेलना हो, ‘गर तो नाम मोहब्बत का ना दे…

 

टुकड़े किए सौ जिस्म के ,गोया था खिलौना कोई बेजान
दिल के किसी के टुकड़े को ,खुदाया ऐसा फिदाई ना दे…

 

जुनून ए मोहब्बत ,सर चढ़ कर जो बोले किसी के यूं
किसी महबूबा को ऐसा, ए रब्बा ,जालिम महबूब कभी न दे…

 

हर बेखता नूरी, महजबीन की पाक सादगी का सदका
ईमान की धज्जियां सर-ए- बाजार उड़ा दे,ऐसा परस्तार न दे..

 

लेखिका :- Suneet Sood Grover

अमृतसर ( पंजाब )

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