नफ़रतें दिल से सभी अपने भुलाकर देखिए | Nafratein shayari

नफ़रतें दिल से सभी अपने भुलाकर देखिए

( Nafratein dil se sabhi apne bhula kar dekhiye )

 

 

नफ़रतें दिल से सभी अपने भुलाकर देखिए
जिंदगी उल्फ़त लगेगी मुस्कुराकर देखिए

 

प्यार की ख़ुशबू महकेगी जिस्म के हर हिस्से में
ए सनम मुझको गले अपने लगाकर देखिए

 

जिंदगी तेरी लगेगी ख़ूबसूरत प्यार भरी
नफ़रतों के दिल से हर हिस्से मिटकार देखिए

 

छोड़ दें शायद करनी नफ़रत की दिल से ही ज़ुबां
प्यार का मुद्दा ही अपनों से उठाकर देखिए

 

दोस्ती का हाथ औरों से मिलातें हो यहां
साथ मेरा भी मुहब्बत का निभाकर देखिए

 

फूल दूंगा  मैं सदा ख़ुशबू वफ़ाओ से भरा
साथ मेरा भी मुहब्बत का निभाकर देखिए

 

दिल दुखेगा वरना “आज़म” का बहुत यूँ ही मगर
यूँ नहीं मेरी वफाएं आजमाकर देखिए
❣️

शायर: आज़म नैय्यर

(सहारनपुर )

यह भी पढ़ें : –

भूल जा यादें उसी की | Ghazal


Posted

in

by

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *