Tag: शेरो-शायरी
कोई ऐसा मुझे चेहरा नहीं मिलता
कोई ऐसा मुझे चेहरा नहीं मिलता कोई ऐसा मुझे चेहरा नहीं मिलता! निभाएं साथ जो ऐसा नहीं मिलता दुखाने दिल आते है लोग मेरा तो वफ़ा से ही भरा रिश्ता नहीं मिलता खोया हूँ नफ़रतों की भीड़ में मैं तो मुहब्बत का मगर रस्ता नहीं मिलता यहां खोये है अपनें…
दिल्ली की सड़क पे किसान है़
दिल्ली की सड़क पे किसान है़ दिल्ली की सड़क पे किसान है़! यहां हर तरफ़ ये उफान है़ सुनी रहनुमा ने नहीं ज़बां क़िस्मत के मारे किसान है़ करो मान इनका ए लोगों तुम ये तो मुल्क के जय जवान है़ पुकारें सुन लो भी किसानों की डूबी दर्द में…
समय आए तभी होते जहां में काम सारे ही
समय आए तभी होते जहां में काम सारे ही समय आए तभी होते जहां में काम सारे ही। नहीं आया समय तो फिर हुए नाकाम सारे ही।। सफाई क्या भला देते बुरे जिनकी नज़र में हम। सहे हँस-हँस सदा हमने यहाँ इल्जाम सारे ही।। हुए मशहूर दुनिया में दिलों को बांटने वाले।…
हम क्या जिंदगी में करे अब
हम क्या जिंदगी में करे अब हम क्या जिंदगी में करे अब हाँ बेरोजगारी हुऐ अब लूटा अपनों ने सब कुछ मेरा कहां जाकर के हम रहे अब बातें अपनों की मानी मैंनें अपने फ़ैसले ही किये अब वरना सब्र करते थे दिल में देखो दुश्मनों से लड़े अब …
देखकर चलना तू अजनबी राहें है
देखकर चलना तू अजनबी राहें है देखकर चलना तू अजनबी राहें है! हर क़दम पे भरी दुश्मनी राहें है नफ़रतों की राहों पे खोया हूँ मैं तो खो गयी है मुझसे आशिक़ी राहें है राहें आती नहीं है कोई प्यार की आ रही है यहां बेरुख़ी राहें है हम सफ़र…
रोज़ चलके देखा उल्फ़त दोस्ती की राह पे
रोज़ चलके देखा उल्फ़त दोस्ती की राह पे रोज़ चलके देखा उल्फ़त दोस्ती की राह पे चोट खाली है वफ़ाओ आशिक़ी की राह पे उसका चेहरा दर्द ग़म दिल से भुलाने के लिये आ गया हूँ मैं भटकते मयकशी की राह पे ढूढ़ते ही ढूढ़ते राहें मुहब्बत इश्क़ की चलते चलते…
शहर आया तेरी दोस्ती के लिये
शहर आया तेरी दोस्ती के लिये शहर आया तेरी दोस्ती के लिये ! बात कर ले मुझसे दो घड़ी के लिये जीस्त तन्हा गुजरती मेरी जा रही भेज कोई ख़ुदा जिंदगी के लिये आता चेहरा नजर वो कहीं भी नहीं धड़के दिल रोज़ मेरा किसी के लिये जान पहचान जिससें…
काश वो जीवन में आए ही न होते
काश वो जीवन में आए ही न होते काश वो जीवन में आए ही न होते। दिल में यूं मेरे समाए ही न होते।। होती मोहब्बत अगर उनको भी हमसे। उसने ख़त मेरे जलाए ही न होते।। साथ देते ग़र वो मेरा हर कहीं हर मोड़ पर तो। बीच रस्ते ये…
जिंदगी में कुछ पल मेरी ठहरी ख़ुशी
जिंदगी में कुछ पल मेरी ठहरी ख़ुशी जिंदगी में कुछ पल मेरी ठहरी ख़ुशी कर गया है ग़म मेरी हर जख़्मी ख़ुशी ! दिन उदासी भरे फ़िर गुजरते नहीं जिंदगी से नहीं दूर होती ख़ुशी कोई हँसता कोई रोता है जहां में हर किसी को नहीं दोस्त मिलती ख़ुशी पर…
अदब से वो यूं पेश आने लगे है
अदब से वो यूं पेश आने लगे है अदब से वो यूं पेश आने लगे है। कपट में सभी कुछ छुपाने लगे है।। गए थे समझ झूठ पलभर में उनका। नहीं जान पाए जताने लगे है।। बहुत बार झेला फ़रेबों को उनके। मुसीबत में फिर आजमाने लगे है।। छुपाने वो…