राजा रंक सभी फल ढोते | Kavita Raja Runk
राजा रंक सभी फल ढ़ोते ( Raja runk sabhi phal dhote ) राजा रंक सभी फल ढ़ोते, होता कर्ज़ चुकाना। कर्मों के अनुसार जीव को, पड़े दंड भुगताना।। मानव दानव पशु पक्षी बन, इस धरती पर आता। सत पथ गामी मंच दिया है, बिरला नर तर पाता। कोई जीवन सफल बनाता, ले जाता नजराना।…

