भरोसा और प्यार संजीवनी बूटी | Geet Bharosa aur Pyar

भरोसा और प्यार संजीवनी बूटी ( Bharosa aur pyar sanjeevani booti )    खुद पर रख भरोसा प्यारे पथ में प्यार लुटाता जा मन के विश्वास से जग...

अपनी खिचड़ी अलग पकाना | Kavita Apni Khichdi alag Pakana

अपनी खिचड़ी अलग पकाना ( Apni khichdi alag pakana )    एक कलम होता कलमकार हथियार, जिसको होता माते शारदे का वरदान। मन की बात लिख देता वह कलम...

यह आंखें | Aankhen Poem in Hindi

यह आंखें ( Yah Aankhen )    यें ऑंखें कुछ-कुछ कहती है, लगता है जैसे मुॅंह बोलती है। अचूक निशाना साधे रहती है, ऐसे लगता है जैसे बुलाती है।। यें शर्माती...

ऋतुराज | Rituraj par Kavita

ऋतुराज ( Rituraj )  सर्दियों को कर दो अब तुम विदा बसंती पवन पे सब हो रहे फिदा ऋतुराज की ये मनमोहक अदा मेहरबान धरती पर हो जैसे खुदा अंबर...

मौत मुक्ति तो नहीं है | Maut par Kavita

मौत मुक्ति तो नहीं है ( Maut mukti to nahi hai )    मृत्यु शाश्वत सत्य है जग में मौत मुक्ति तो नहीं है। मिले हरि भजन से...

बड़ी ही सादगी से मना वरिष्ठ साहित्यकार रामकेश यादव का जन्मदिन!

बड़ी ही सादगी से मना वरिष्ठ साहित्यकार रामकेश यादव का जन्मदिन!   मुंबई, पाँच फ़रवरी,1961 को उत्तरप्रदेश के आजमगढ़ जनपद के गांव तेजपुर में पैदा हुए...

दुनिया आबाद रहे | Poem Duniya Aabad Rahe

दुनिया आबाद रहे  ( Duniya aabad rahe )    इंसानों में चरमपंथी यहाँ भी हैं वहाँ भी, फ़रिश्ते यहाँ भी हैं और वहाँ भी। जीडीपी बढ़ रही इस मुल्क...

पगड़ी | Pagadi par Kavita

पगड़ी ( Pagadi )    ये है कपड़े की एक छोटी सी पगड़ी, हरियाणा राजस्थान का मान पगड़ी। आन बान और शान भी यही पगड़ी, इज्जत और ईमान यह प्यारी...

अभिमान | Abhiman par Kavita

मत करना ‌अभिमान ( Mat karna ‌abhiman )    चाहें कितना कोई हो बलवान, या कितना ही हो कोई धनवान। अथवा कितना कोई हो बुद्धिमान, अरे बन्दे तुम मत करना...

महल | Mahal Bhojpuri Kavita

महल ( Mahal )    धूल में मिल के सब धूल भईल का पताका , का सिंघासन कवन भुल भईल आज दुनिया देख रहल चुप चाप ओके छप पन्ना में...