कविताएँ माई | Mai ByAdmin January 12, 2024 माई ( Mai ) आओ शिवानी, सुनो शिवानी दर्द में डूबी मेरी कहानी तब, तड़प उठा था मेरा हृदय चारों ओर धुंधल के छाए थे जब बेमौत मरी मेरी ममता को हाथों में लोग उठाए थे कुएं से लाश निकाले थे अग्निशमन दल के लोग वो निकले थे बेमौत मरी वह अबला थी कह…