Tag: शेरो-शायरी
तेरा नाम दिल से मिटाना पडेगा
तेरा नाम दिल से मिटाना पडेगा तेरा नाम दिल से मिटाना पडेगा। ग़मों को बसा मुस्कराना पङेगा।। रहा अब न रिश्ता जो पहले कभी था। खुशी-ग़म सभी कुछ छुपाना पङेगा।। वें यादें इरादे किये सारे वादे। पलों में सभी कुछ भुलाना पङेगा।। न सोचा यहां था कि बदलेगा मंजर। कभी…
प्यार की हाँ गुफ़्तगू दिल में हुई
प्यार की हाँ गुफ़्तगू दिल में हुई प्यार की हाँ गुफ़्तगू दिल में हुई! एक मेरे आरजू दिल में हुई चैन दिल को एक पल भी तो नहीं आशिक़ी जब से शुरु दिल में हुई जो महके है प्यार बनके जीस्त में पाने को ही उस गुलू दिल में हुई …
बना दें अब ख़ुदा कोई मुहब्बत की कहानी है
बना दें अब ख़ुदा कोई मुहब्बत की कहानी है बना दें अब ख़ुदा कोई मुहब्बत की कहानी है ख़ुदा क्या जिंदगी तन्हा मुझे यूं ही बितानी है ख़ुशी अब भेज दें मेरी उदासी जिंदगी में ही ख़ुदा क्या जिंदगी यूं ही ग़मों से हाँ निभानी है किसी भी तरहा उससे रब…
सितारे तोङ लाते है हमेशा आसमां से वो
सितारे तोङ लाते है हमेशा आसमां से वो ( Sitare Tore Late Hain Hamesha Aasman Se Wo ) सितारे तोङ लाते है हमेशा आसमां से वो।। नहीं डरते मुसीबत से रहे आगे जहां से वो।। जो करना है वही करते नहीं सुनते किसी की भी। जिग़र में हौंसला पाते खुदा जाने कहां से वो।।…
बहुत हमको लुभाती है यहां सूरत कोई भोली
बहुत हमको लुभाती है यहां सूरत कोई भोली बहुत हमको लुभाती है यहां सूरत कोई भोली। करे घायल सदा दिल को लगे जैसे कोई गोली।। जिसे भी मांगना हो ग़र सदा मांगो खुदा से ही। नहीं खाली रहेगी फिर किसी की भी कोई झोली।। बने सब ग़ैर भी अपने बने अपने पराये से। करे…
प्यार के वो ही आज़म सहारे टूटे
प्यार के वो ही आज़म सहारे टूटे प्यार के वो ही आज़म सहारे टूटे! आज वो ही वफ़ा के किनारे टूटे प्यार की ही कहानी बढ़ी इसलिए आंखों से आंखों के ही नजारे टूटे अब ज़बां पे यकीं होगा उसकी मुझे वादों के दिल से ही वो बहाने टूटे अपनों…
गजल लिख रहा है
गजल लिख रहा है जिसकी माचिस से घर जल रहा है, वो उसी पर गज़ल लिख रहा है।। आपके आने का ये असर है, झोपड़ी को महल कह रहा है।। अच्छी लगती नही बेरुखी अब, मैं नहीं मेरा दिल कह रहा है।। शेष क्या हो गया है उसे अब, लब को…
आज उसकी चले हम गली छोड़कर
आज उसकी चले हम गली छोड़कर आज उसकी चले हम गली छोड़कर नफ़रतें उसकी वो दोस्ती छोड़कर चैन दिल को मिलेगी बहुत तेरे ही देख तू दोस्त ये मयकशी छोड़कर दोस्ती प्यार का होगा अहसास वो देख दिल से अपनें दुश्मनी छोड़कर प्यार के गुल उगाये आंगन में हमने दीवारें…
मुश्किलों का न डर फिर रहेगा यहां
मुश्किलों का न डर फिर रहेगा यहां मुश्किलों का न डर फिर रहेगा यहां।। सामना होश से ग़र करेगा यहां।। चैन पाते नहीं जिंदगी में कभी। वैर जिनके दिलों में पलेगा यहां।। मौज बेशक मना लो भले लूट से। ज़र न ज्यादा दिनों वो टिकेगा यहां।। दिल कभी भी किसी का…
नहीं फूलों भरा आंगन रहा है
नहीं फूलों भरा आंगन रहा है नहीं फूलों भरा आंगन रहा है यहां सूखा यारों सावन रहा है ख़ुशी के फूलों से दामन भरा कब ग़मों से ही भरा दामन रहा है मिली मंजिल नहीं राहें वफ़ा की परेशां हर घड़ी बस मन रहा है खिले खुशियों कें जीवन में…