हाँ वो कितनी कली देखो हसीन है
हाँ वो कितनी कली देखो हसीन है हाँ वो कितनी कली देखो हसीन है! अल्लाह की क़सम वो बहतरीन है अल्लाह दिल से उसको ही भुला दें तू उसकी तरफ़ मेरा हर पल ज़हीन है की प्यार से कैसे जोते भला यारों नफ़रत में बट गयी यारों ज़मीन है हमला…
हाँ वो कितनी कली देखो हसीन है हाँ वो कितनी कली देखो हसीन है! अल्लाह की क़सम वो बहतरीन है अल्लाह दिल से उसको ही भुला दें तू उसकी तरफ़ मेरा हर पल ज़हीन है की प्यार से कैसे जोते भला यारों नफ़रत में बट गयी यारों ज़मीन है हमला…