Badlenge Mausam

  • बदलेंगे मौसम | Badlenge Mausam

    बदलेंगे मौसम  ( Badlenge Mausam ) दरिया के पास प्यासे आने लगे हैं, बदलेगा मौसम बताने लगे हैं। कभी सोचने से न होती है बारिश, मन का वो बादल उड़ाने लगे हैं। आई है धूल ये उसी काफिले से, धड़कन मेरी वो बढ़ाने लगे हैं। जाएँगे लौट वो शहद चाट करके, तड़प मुझको अपनी दिखाने…