Haal-e-Dil Shayari

  • हाले दिल | Haal-e-Dil Shayari

    हाले दिल ( Haal-e-Dil )      याद परदेश में आता परिवार है दिल मिलने को बहुत यार लाचार है   हाल दिल का सुनाऊँ किसे मैं यहाँ इस नगर में नहीं कोई भी यार है   ज़िंदगी भर ख़ुदा उस हंसी से मिला जिस हंसी का हुआ आज दीदार है   मुफ़लिसी हूँ मिलाया…