Harishankar Parsai

  • हरिशंकर परसाई | Harishankar Parsai

    हरिशंकर परसाई ( Harishankar Parsai )    बाईस अगस्त चौबीस में लिया जन्म जिला होशंगाबाद, दस अगस्त पिचानवे पाई वफात रहे जीवन भर आबाद। हंसते हैं रोते हैं, जैसे उनके दिन फिरे हैं संग्रह कहानी, जवाला और जल, रानी नागफनी नावल है उनकी जुबानी। प्रेमचंद के फटे जूते,आवारा भीड़ के खतरे ये भी संग्रह निबंध…