होळी आई रे भोळा भंडारी | Holi Aayi re Bhola Bhandari
होळी आई रे भोळा भंडारी ( Holi Aayi re Bhola Bhandari ) राजस्थानी धमाल होळी आई रे भोळा भंडारी, भस्म रमा। होळी आई रे भांग घोटकर पीगो शंकर, आक धतूरा खागो। नाग लपेटयां नंद द्वार प, नीलकंठ जद आगो। कृष्ण कन्हैयो मदन मुरारी, मुरली मधुर बजाई रे। होळी आई रे भूत प्रेत पिशाच को…

