Humsafar par kavita

  • हमसफर | Humsafar par kavita

    हमसफर ( Humsafar )    दो अजनबी बन गए हमसफर चल पड़े नई डगर प्यार के पंख ले सिलसिले चल पड़े एक दूसरे को वो बखूबी समझते रहे एक दूसरे का सम्मान आपस में करते रहे जीवन में रिश्तो के हर रंग भरते रहे कदम दर कदम आगे बढ़ते रहे कुछ मैंने कहा वह उसने…