कल और आज | Kal aur Aaj
कल और आज ( Kal aur aaj ) पहले जब सात्विक खाते थे, तब हम तंदुरुस्त कहलाते थे। आज केएफसी में जाते हैं, तामसी आहार मंगवाते हैं। पहले घर पर खाना बनता था, शुद्ध और सतोगुणी होता था। आज बाहर से खाना आता हैं, साथ में ढेरों बीमारी लाता हैं। पहले घर पर गेहूं…

