हे! माॅं | Kavita Hey Maa
हे! माॅं ( Hey Maa ) हे मां आ जा तू फिर से तेरे आंचल में छिप जाऊं , मैं बैठ गोंद में तेरे फिर देख तुझे मैं पांऊ। तू लिए वेदना असीमित पाली भी मुझको कैसे? तेरी त्याग तपस्या करुणा नैनों से झरते आंसू गिरते तेरे आंचल में मैं भूल जिसे ना पाऊं।…

