पर्यावरण | Paryavaran sanrakshan par kavita
पर्यावरण ( Paryavaran ) विविध जीवों का संरक्षण मान होना चाहिए। स्वस्थ पर्यावरण का संज्ञान होना चाहिए।। अधिक वृक्ष लगा करके धरती का श्रृंगार हो, वृक्षों की उपयोगिता पर ध्यान बार बार हो। वृक्ष, प्राणवायु फल छाया लकड़ियां देते हैं, उसके बदले हम उन्हें सोचो भला क्या देते हैं। दस पुत्र समान द्रुम हैं…

