Sacchi si kavita

  • हमारे पूर्वज | Hamare Purvaj Kavita

    हमारे पूर्वज ( Hamare purvaj )   परिवार  की  नींव  है पूर्वज, संस्कारों के दाता है। वटवृक्ष की छांव सलोनी, बगिया को महकाता है।   सुख समृद्धि जिनके दम से, घर में खुशियां आती। आशीशों का साया सिर पर, कली कली मुस्काती।   घर के बड़े बुजुर्ग हमारे, संस्कारों भरी धरोहर है। धन  संपदा  क्या …