तुलसी विवाह | Tulsi Vivah
तुलसी विवाह ( Tulsi vivah ) भजन कर भाव भक्ति से, शालिगराम आए हैं। सजा लो सारे मंडप को, प्रभु अभिराम आए हैं। सजी तुलसी होकर तैयार, तुझे वृंदावन जाना है। वृंदा कर सोलह श्रृंगार, द्वारिका नाथ रिझाना है। ठाकुर जी हो रथ पे असवार, बाराती झूमते गाते। बजे शहनाई तुलसी द्वार, चेहरे सबके…

