Kahani Shayari

  • कहानी भी रहेगी | Kahani Shayari

    कहानी भी रहेगी ( Kahani bhi rahegi )    ज़िक़्र ग़म का और खुशियों की कहानी भी रहेगी अब मुकम्मल दिल की मेरे राजधानी भी रहेगी। है ठसक लहज़े में उनके गर रदीफ़ों की तरह तो काफ़िये सी मेरी ग़ज़लों की रवानी भी रहेगी। सोच कर ही बोलिए की बात ले दिल पे न कोई…