स्कूल | School par Bhojpuri kavita
स्कूल ( School ) ज्ञान के अंगना में आवऽ, फिरु से हम पलि बढ़ी कहीं हिम्मत, कहीं बेहिम्मत, मिल के हम इतिहास गढ़ी कबो सर जी के आहट से चारों ओर सननाहट से ज्ञान से अजोर करी आवऽ फिर हम जोर करी कबो कबड्डी, कबो क्लास कबो झगड़े के प्रयास हर बात में रूठा…

