नवरात्रि (दिकु के इंतज़ार में)
नवरात्रि (दिकु के इंतज़ार में) तेरे चरणों में माँ, सारा जहाँ झुका है,तेरी ममता से जीवन, हर खुशी से भरा है।अब तेरे आशीर्वाद से, हर दुख दूर करा दे,और कुछ नहीं चाहिए माँ, मेरी बस यही बिगड़ी बना दे। नवरात्रि की हर रात, चलती है माँ तेरे नाम पर,दिकु का इंतजार है, इस दिल के…









