आओ भी जानम प्यार करे
आओ भी जानम प्यार करे

आओ भी जानम प्यार करे

 

आओ भी जानम प्यार करे !

दिल की बातें इजहार करे

 

आओ उल्फ़त छेड़े बातें

न गिले शिकवे यूं यार करे

 

न करो इंकार वफ़ा से तुम

मेरी उल्फ़त इक़रार करे

 

तोड़ो मत दिल प्यार भरा तुम

न सनम दिल यूं आजार करे

 

दो न दवाई उल्फ़त की तुम

न मुहब्बत को बीमार करे

 

उल्फ़त की कर लो   बातें

यूं न गिले ही  दिलदार करे

 

साथ रहो मिलके आज़म के

न मुहब्बत में तकरार करो

 

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शायर: आज़म नैय्यर

(सहारनपुर )

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