Category: शेरो-शायरी

  • ख़ुदा पे जिसको यक़ीं नहीं है | Hamd Lyrics in Hindi

    ख़ुदा पे जिसको यक़ीं नहीं है ( Khuda pe jisko yakeen nahi hai )   हयात उसकी हसीं नहीं है ख़ुदा पे जिसको यक़ीं नहीं है है कौन दुनिया में शख़्स ऐसा ? तू जिसके दिल का मकीं नहीं है जो तेरे दर पर झुकी नहीं हो कोई भी ऐसी ज़बीं नहीं है बसा है…

  • घात लगाकर बैठे हैं | Nazm in Hindi

    घात लगाकर बैठे हैं ( Ghaat lagakar baithe hain )   कुछ अपने ही ऐसे हैं प्यार बहुत दिखलाते हैं दिल में धोखा रखते हैं वे सब होते अपने हैं गम जितने भी देते हैं बात कभी करते हैं जब करते दिल की बातें कब पैसे पर मरते हैं सब ऐसो को क्या कहते तब…

  • आशिक़ी | Aashiqui

    आशिक़ी! ( Aashiqui ) (नज़्म ) ( 3 )  बदलेगा मौसम मगर धीरे-धीरे, उठेगी जवानी मगर धीरे-धीरे। पिएंगे प्यासे उन आँखों से मय को, चढ़ेगी नशा वो मगर धीरे-धीरे। ढाएगी कयामत जमाने पे एकदिन, बढ़ेगी बेताबी मगर धीरे-धीरे। राह -ए -तलब में छोड़ेगी दिल को, होगा आशिक़ी का असर धीरे-धीरे। करेगी इनायत किसी न किसी…

  • भारत की धरती | Bharat ki Dharti

    भारत की धरती ( Bharat ki dharti )    मेरी धरती माँ प्यारी है भारत की ख़ुशबू फ़ैली है ऐसा न कहीं देश मिलेगा गंगा जमना जो मिलती है उगते है गुल उगती सरसों धरती माँ देखो ऐसी है सैनिक करे है हिफाज़त कर सकता न अदू ज़ख्मी है नफ़रत के दुश्मन ख़त्म हुई उल्फ़त…

  • जय हिंद | Jai Hind

    जय हिंद ( Jai Hind )    देखो कितना अच्छा है प्यारे जय हिंद ? आओ सब मिलकर के ही बोले जय हिंद दुश्मन के कान सभी हो जाये बहरे इतनी जोर से ही बोले सारे जय हिंद चाहे कोई गीत सुने चाहे ग़ज़लें लगने अपने तो है सब नारे जय हिंद छोड़ो करनी महजब…

  • इबादत करना | Ibadat Karna

    इबादत करना ( Ibadat karna )   भूल संसार गया रब की इबादत करना याद अब है इसे नफरत की तिजारत करना देख मासूम हसींं दिल की सदाये बोली जिंदगी सीख रही है यूँ मुहब्बत करना धूप कहती ही रही आज नहीं निकलो तुम बेसबब रोग को क्योंकर है यूँ दावत करना जिंदगी और ठिकाने…

  • मेरी ज़िन्दगी में थी ऐसी हसीना | Romantic Nazm in Hindi

    मेरी ज़िन्दगी में थी ऐसी हसीना ( Meri zindagi mein thi aisi haseena )    वो आँखों पे ज़ल्फ़ों के पहरे बिठाये कभी ख़ुद हँसे औ’र मुझे भी हँसाये मेरे गीत अपने लबों पर सजाये कभी दिन ढले भी मेरे घर में आये लगे जेठ सावन का जैसे महीना ।। मेरी ज़िन्दगी में —— कभी…

  • तेरी यादों की बारिश है | Yaadon ki Shayari

    तेरी यादों की बारिश है ( Teri yaadon ki barish hai )    तेरी यादों की बारिश है हर पल तेरी बस ख़्वाहिश है शक्ल नज़र आये है तेरी ख़्वाबों की कैसे साज़िश है प्यास बुझा दे तू उल्फ़त की तुझसे बस एक गुज़ारिश है पार जिसे करना है मुश्किल उल्फ़त वो देखो आतिश है…

  • सुरमई ख़्वाब | Surmai Khwab

    सुरमई ख़्वाब ( Surmai Khwab ) शाख पे फूल मुहब्बत के खिलाने आजा। मैं हूँ तेरी ये ज़माने को बताने आजा।। रह के तन्हा यूँ सफर मुझ से न कट पायेगा, ज़िंदगी भर के लिए साथ निभाने आजा।। डूब जाऊँ न कहीं ग़म के भँवर में इक दिन, मेरी  कश्ती को किनारे तू लगाने आजा।।…

  • मौजें पयाम की | Ghazal Maujen Payam ki

    मौजें पयाम की ( Maujen payam ki )   क्या ख़ाक जुस्तजू करें हम सुब्हो-शाम की जब फिर गईं हों नज़रें ही माह-ए-तमाम की जो कुछ था वो तो लूट के इक शख़्स ले गया जागीर रह गई है फ़कत एक नाम की ख़ुद आके देख ले तू मुहब्बत के शहर में शोहरत हरेक सम्त…