दिल को | Dil ki Shayari
दिल को
( Dil ko )
बे -इंतहा,
बे – हिसाब,
बे – पनाह,
बे- पायान
प्यार है ‘ गर
दिल को
बे – इंतहा,
बे – हिसाब,
बे- पनाह,
बे -पायान
दर्द भी होता है उस
दिल को..

लेखिका :- Suneet Sood Grover
अमृतसर ( पंजाब )

( Dil ko )
बे -इंतहा,
बे – हिसाब,
बे – पनाह,
बे- पायान
प्यार है ‘ गर
दिल को
बे – इंतहा,
बे – हिसाब,
बे- पनाह,
बे -पायान
दर्द भी होता है उस
दिल को..

लेखिका :- Suneet Sood Grover
अमृतसर ( पंजाब )

दुश्मनों से हम लड़ेंगे ( Dushmano se hum ladenge ) दुश्मनों से हम लड़ेंगे मुल्क के देखिए हम भी सेना के साथ है हम मिटा देगें अदूं की सोच को देखता कश्मीर के वो जो सपनें प्यार देगें मुल्क को अपनें खू का अपनी धरती मां की सेवा करके ही जुल्म…

मत रख नफरत दोस्ती एक फूल है ( Mat Kar Nafrat Dosti Ek Phool Hai) मत रख नफरत दोस्ती एक फूल है! प्यार कर लें जिंदगी इक फ़ूल है मयकशी करनी छोड़ो भी अब ज़रा संभलो यारों जिंदगी इक फ़ूल है दूर जीवन से करो ग़म सब अपनें होठों पे देखो …

जाम हम पीते नहीं ( Jaam Hum Pite Nahi ) जाम हम पीते नहीं! ग़म में हम रोते नहीं याद उसकी आती है रात भर सोते नहीं प्यार करना जाने है नफ़रत हम करते नहीं ग़म मिला उल्फ़त में वो जख़्म भी भरते नहीं तल्ख़ बोले वो बातें प्यार…

प्यार का होगा इशारा देखते है ( Pyaar ka hoga ishara dekhte hai ) प्यार का होगा इशारा देखते है ! इसलिए रस्ता तुम्हारा देखते है डूबा हूँ गहराई में उसकी इतना प्यार का हम तो किनारा देखते है छोड़ आये बेवफ़ा का शहर कल अब कहां होगा गुजारा देखते है…

बिछड़ा नहीं रहता ( Bichadna nahi rahta ) अगर हम रोक लेते हमसे वो बिछड़ा नहीं रहता उसी मंजर पे ये दिल अब तलक ठहरा नहीं रहता। कहा था लौटना है एक दिन मुझ तक उसे वापस मगर जो लौटना होता तो यूं बदला नहीं रहता । वही रुख़ फेर लेना दफ अतन वो…

दिल जख्मी तेरी याद में ( Dil zakhmi teri yaad mein ) रात भर जागूं मैं तेरी याद में! हो गया दिल जख्मी तेरी याद में चैन नहीं है एक पल भी ए सनम है आंसू आंखों में तेरी याद में लौट आ तू ए सनम परदेश से कट रही है जीस्त…
