दिल को | Dil ki Shayari
दिल को
( Dil ko )
बे -इंतहा,
बे – हिसाब,
बे – पनाह,
बे- पायान
प्यार है ‘ गर
दिल को
बे – इंतहा,
बे – हिसाब,
बे- पनाह,
बे -पायान
दर्द भी होता है उस
दिल को..

लेखिका :- Suneet Sood Grover
अमृतसर ( पंजाब )

( Dil ko )
बे -इंतहा,
बे – हिसाब,
बे – पनाह,
बे- पायान
प्यार है ‘ गर
दिल को
बे – इंतहा,
बे – हिसाब,
बे- पनाह,
बे -पायान
दर्द भी होता है उस
दिल को..

लेखिका :- Suneet Sood Grover
अमृतसर ( पंजाब )

खिलता हुआ गुलाब या कोई शराब हो खिलता हुआ गुलाब या कोई शराब हो। कितना हसीन तुमको कहूं बेहिसाब हो।। मचले है जिसको देख के मस्ती भरा ये दिल। चढती हुई उमर का वो चढता शबाब हो।। देखे हसीन चहरे बहुत से खुदा कसम। तेरा नहीं जवाब कोई लाजवाब हो।। ख्वाबों…

दिल से मुहब्बत रहेगी उससे हमेशा ही मुहब्बत है जिसे मुझसे रही हर पल अदावत है बहुत कोशिश उसे की भूलने की न उसकी याद से दिल को ही राहत है मुहब्बत से उसे जब भी निहारुं बड़ी ही देखता वो तो नज़ाकत है वफ़ाओ की ख़ुशबू क्या वो फ़ैलायेगा…

आरज़ू ( Arzoo ) नयी पहचान मिलेगी नया नाम मिलेगा। यूं ही नहीं मंजिल -ए- शान मिलेगा। कभी रुकना नहीं तुम कभी थकना नहीं, फिर ज़मीन ही नहीं आसमान मिलेगा। ख़ुद में झांक ले ताकत को भी आजमा ले, ख़ुद को जीत कर ही तुझे तेरा नाम मिलेगा। अपने एहसासों को काग़ज़ उकेरो तो कभी,…

तेरी ये तो लफ़्ज़ों की जादूगरी है ( Teri Ye To Lafzon Ki Jadugari Hai ) तेरी ये तो लफ़्ज़ों की जादूगरी है हो गयी तुझसे सनम ये आशिक़ी है दूर जब से तू गयी है जानम मुझसे तेरी यादों में दिन रातें कट रही है राह में ही इक हंसी चेहरा…

नज़र का तीर जब उनका जिग़र के पार होता है नज़र का तीर जब उनका जिग़र के पार होता है। नहीं तब होश रहता है सभी सुख-चैन खोता है।। सहे तकलीफ जो पहले है पाते चैन आख़िर में। जो पहले ऐश करता है सदा आख़िर में रोता है।। वही मिलता उसे…

कर गया है मेरा ही दग़ा आज दिल ( Kar gaya hai mera hi daga aaj dil ) कर गया है मेरा ही दग़ा आज दिल ये किसी पे फ़िदा हो गया आज दिल आज तो याद आयी किसी की इतनी इस कदर ये आहें भर रहा आज दिल चाह तक़दीर…
