मुझे उड़ने दो

मुझे उड़ने दो | Women’s day special kavita

मुझे उड़ने दो

( Mujhe udne do : Hindi poem )

 

मैं तितली हूं..

मुझे उड़ने दो ।

 मुझे मत रोको,

मुझे मत टोको,

 मुझे नील गगन

 की सैर करने दो ।।

मेरे पंखों को मत कतरो,

मेरे हौसलों को मत तोड़ो,

 मेरी ख्वाहिशों को हौसला दो

 मुझे ऊंचाइयों को छूने दो ।

 मैं तितली हूं, मुझे उड़ने दो

 मुझे उड़ने दो, मुझे जीने दो ।।

लेखिका : अर्चना

                                                                   

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