Mere Ghar Ram Aaye Hai

मेरे घर राम आये है | Mere Ghar Ram Aaye Hai

मेरे घर राम आये है

( Mere Ghar Ram Aaye Hai )

 

मेरे प्रभु श्री राम आये है,
जनजन मंगल गीत गाये है !

मैं भी आँगन सजाऊंगी,
आज मेरे घर राम आये है !

दीप जलाओ मंगल गाओ,
चरण प्रभु श्री राम छाये है !

सज गई है अयोध्या नगरी,
सरयू के घाट भी नहाये है !

राम नाम उद्घोष से आज,
सब दशम दिशाए गुंजाये है !

 

DK Nivatiya

डी के निवातिया

यह भी पढ़ें:-

वो पहली मोहब्बत | Pehli Mohabbat

 

Similar Posts

  • हो आगमन तुम्हारा | Ho Aagaman Tumhara

    हो आगमन तुम्हारा ( Ho Aagaman Tumhara ) मेरा नहीं है कुछ भी सब कुछ है तुम्हारा मैं तो बस परछाई हूं साजन तुम साज तुम्हारा। माटी की तुम भीनी खुशबू अंतर का तुम भेद भेद मिटे तन का मन का हो आगमन तुम्हारा। मीठे सपनों की बगिया तुम इच्छा मेरी डूबी उसमें नहीं जागना…

  • विध्वंस | शैलेन्द्र शांत

    विध्वंस आदमी का फटे चाहे आसमान काकलेजाविध्वंस ही होता है अपमान बहुतदोहन भरपूरउपेक्षा अतिवादे अनवरत झूठेअहर्निश लूटहोती है भारी टूट-फूटकहीं, तब फटता है कलेजा टूट जाता है जब धैर्यप्रकृति काचाहे आदमी का विध्वंस ही होता है ( Destruction was published in the reputed magazine: The Hans. ) Destruction Whether it’s the heart of a manOr…

  • मेरा अस्तित्व मेरी पहचान | Mera Astitva

    मेरा अस्तित्व मेरी पहचान ( Mera astitva meri pehchaan )   मेरा अस्तित्व मेरी पहचान, मेरा विश्वास मेरा अभिमान। मेरी हिम्मत हौसलों से डरते, बाधाएं आंधी और तूफान। मेरी धडकनें मेरी जान, सत्य सादगी है ईमान। मेरी कलम लिखती सदा, देश भक्ति स्वर राष्ट्रगान। मेरी सोच मेरे मन विचार, अपनापन और सदाचार। मेरे शब्दों में…

  • डॉक्टर भीमराव अंबेडकर | Poem Dr. Bhimrao Ambedkar

    डॉक्टर भीमराव अंबेडकर ( Dr. Bhimrao Ambedkar )   संविधान निर्माता नमन वंदन हे राष्ट्र रतन भारत पंचशील सिद्धांत अपनाया बौद्ध धर्म में हुये रत   समानता भाईचारा मानवतावाद के पथ प्रदर्शक छुआछूत मिटाने का प्रचार प्रसार किया भरसक   पत्रकार संपादक बने कलम के सजग सिपाही समता समाचार निकाला पक्षधर दीन ए इलाही  …

  • छठी मैया | Chhathi maiya kavita

    छठी मैया ( Chhathi maiya )   छठी मैया तुमको ध्याता रातदिन मां शीश नवाता। अक्षत रौली चंदन लेकर सरिता तीर भेंट चढ़ाता।   करती बेडा पार मैया तुम हो लखदातार मैया। सुख वैभव यश दाता सजा सुंदर दरबार मैया।   झारखंड उत्तराखंड आता जनमन माता मनाता। मनवांछित फल नर पाता तेरे दर गुणगान गाता।…

  • खुशी के आंसू | Kavita

    खुशी के आंसू ( Khushi ke aansu : Kavita )     खुशियों के बादल मंडराये हृदय गदगद हो जाए भावों के ज्वार उमड़े खुशियों से दिल भर आए   नैनों में खुशी के आंसू मोती बनकर आ जाते हैं हर्षित मन के आंगन में आनंद के पल छा जाते हैं   उत्साह उमंगों का…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *