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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Zindagi Tere Rang Hazaar
    कविताएँ

    ज़िन्दगी तेरे रंग हज़ार | Zindagi Tere Rang Hazaar

    ByAdmin September 17, 2024September 17, 2024

    ज़िन्दगी तेरे रंग हज़ार ( Zindagi Tere Rang Hazaar ) ज़िन्दगी तेरे, रंग हज़ार ।किसी में नफ़रत , किसी में प्यार । कहीं है पतझड़ ,कहीं बहार ।किसी में जीत , तो किसी में हार । कहीं सुकून तो , कहीं तनाव ।हर पल रंग ,बदलती ज़िन्दगी । कभी सुख, देती बेशुमार ।कभी कभी ,…

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  • Tumhare Baad
    ग़ज़ल

    तुम्हारे बाद | Tumhare Baad

    ByAdmin September 16, 2024September 16, 2024

    तुम्हारे बाद ( Tumhare Baad ) साँसें थमी हैं ख़त्म भी किस्सा तुम्हारे बादबिखरा है मेरा जिस्म सरापा तुम्हारे बाद कतरे से हो गए हैं समुंदर तवील सेख़ुद पे रहा न हमको भरोसा तुम्हारे बाद कैसे सुनाएं बज़्म में क़िस्सा-ए-इश्क़ हमशाइर बना है दिल ये हमारा तुम्हारे बाद मझधार में खड़े हैं मनाज़िर अजीब हैंकैसे…

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  • श्याम लाल गुप्त पार्षद
    आलेख

    श्याम लाल गुप्त पार्षद : झंडा ऊंचा रहे हमारा

    ByAdmin September 16, 2024September 16, 2024

    पिछले 75 वर्षों में प्रत्येक स्वतंत्रता दिवस हो या गणतंत्र दिवस हो जिस एक गीत को सबसे ज्यादा बच्चे गाते हैं वह है- झंडा ऊंचा रहे हमारा विजई विश्व तिरंगा प्यारा । बच्चे जाने या ना जाने इस गीत को किसने लिखा है परंतु गाते अवश्य हैं ।इस महान गीत के रचयिता थे- श्यामलाल गुप्त…

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  • Zindagi Apno ke Sang
    कविताएँ

    जिंदगी अपनों के संग | Zindagi Apno ke Sang

    ByAdmin September 16, 2024September 16, 2024

    जिंदगी अपनों के संग ( Zindagi apno ke sang ) जिंदगीअपनों के संगनित नए सपनों के संगनए अलबेले रंगकभी खुशीकभी गमहर रोज एक जंगना हो तंगना दंगप्रकृति सुनाती चंगजीने का सीख सही ढंगले सब संबंध रिश्ते नाते संगपी विश्व बंधुत्व की भंगछोड़ दे सभी धपंगलूट लुटा खुशियों के रंगजी ले ओ मलंगआया था रे तू…

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  • Bugz
    ग़ज़ल

    बुग्ज़ दिल से निकाल देते हैं | Bugz Dil se Nikal Dete Hain

    ByAdmin September 16, 2024September 16, 2024

    बुग्ज़ दिल से निकाल देते हैं ( Bugz dil se nikal dete hain ) बुग्ज़ दिल से निकाल देते हैंबिखरे रिश्ते सॅंभाल देते हैं। किसकी बाज़ी है देखने को येएक सिक्का उछाल देते हैं। बात जब दोस्ती की चलती हैलोग अपनी मिसाल देते हैं। रोज़ कहते की भूल बैठे होदिल तुम्हारा खॅंगाल देते हैं। ये…

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  • अचार..आचार्य
    व्यंग्य

    अचार..आचार्य

    ByAdmin September 16, 2024September 16, 2024

    आचार्य या अचारआचार्य हमारे जीवन का एक बहुमूल्य हिस्सा होते हैं जीवन में अचार की तरह अपना स्वाद छोड़ जाते हैं l जैसे पूरी थाली सजी हो अचार ना हो………बस तो खाना बेस्वाद लगता है l कुछ इसी तरह से आचार्य होते हैं मेथी के कड़वे पन रूपी छात्र को , जीरे की ठंडक शीतलता…

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  • महाराजा छत्रसाल के गुरु प्राणनाथ
    आलेख

    बुंदेलखंड केसरी महाराजा छत्रसाल के गुरु प्राणनाथ

    ByAdmin September 16, 2024September 16, 2024

    गुरु का हाथ यदि शीश पर रख जाए फिर उन्नति के रास्ते अपने आप प्रशस्त होते जाते है l हर बच्चे के जीवन में उसके गुरु का एक अलग ही स्थान होता है l आज हम बात करेंगे बुंदेलखंड के एक ऐसे शूरवीर के बारे में जिसके गुरु के ज्ञान और आशीर्वाद ने उन्हे बुंदेलखंड…

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  • Hindi poem on Hindi bhasha
    आलेख

    आज का विचार – मंथन

    ByAdmin September 15, 2024September 15, 2024

    वैसे तो इस जगत में असंख्य कवि और साहित्यकार जन्म लिये , लेकिन ; उसी कवि या साहित्यकार की कविता या लेखनी का मूल्य और महत्व होता है, जिसके कथनी और करनी में अंतर नहीं होता है। वर्ना ऐसे तो कितने ही असंख्य कविगण आए और चले गए । ठीक इसी तरह हिन्दी दिवस मनाने…

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  • रोटियांँ कम भी पड़े तो | रूपक
    नाटक

    रोटियांँ कम भी पड़े तो | रूपक

    ByAdmin September 15, 2024September 15, 2024

    स्थान – रमा का घर रोटियांँ कम भी पड़े तो कमला —-(आते के साथ) दीदी, दीदी,,,,,ॽरमा —– क्या बात है कमला बहनॽकमला —– आप मुझ पर बिगड़ेगी तो नहीं, दीदी।रमा —- आखिर हुआ क्या बताओ तो सही।कमला —- आप हमें वचन दीजिए कि मैंने जो किया है, उस पर आप नाराज नहीं होंगी।रमा —– नहीं…

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  • यमी यमी मिल्क राइस | Yummy Yummy Milk Rice
    व्यंग्य

    यमी यमी मिल्क राइस | Yummy Yummy Milk Rice

    ByAdmin September 15, 2024September 15, 2024

    सुबह उठते ही , रामेश्वर जी को अवार्ड मिल गयाl उनकी रेसिपी में 10 लाख फॉलोअर हो गए l रामेश्वर जी आज पूरे पेपरो में छाए थेl , और पूरी और छाते भी क्यों ना? उनकी रेसिपी थी इतनी लाजवाब ……. ..रामेश्वर जी ने तो सपने में भी नहीं सोचो तो की उनकी रेसपी पूछी…

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