ग़ज़ल

  • तो और क्या करते | To Aur Kya Karte

    तो और क्या करते ( To Aur Kya Karte ) वो अपना ग़म न छिपाते तो और क्या करतेनज़र न अपनी झुकाते तो और क्या करते अज़ल से दुश्मनी पाले थे यार हमसे वोहमारा दिल न जलाते तो और क्या करते रवानी चाहती है ज़िंदगी हमारी भीक़दम अगर न बढ़ाते तो और क्या करते क़ज़ा…

  • एक दिलदार अपना | Ek Dildar Apna

    एक दिलदार अपना ( Ek Dildar Apna ) रखा है सहेजे हुए प्यार अपनाक़िताबों में गुल एक दिलदार अपना मुहब्बत कसौटी पे बिल्कुल ख़री हैतभी तो जताया है अधिकार अपना सनम देवता मैंने माना तुम्हीं कोकरो तुम भी इक रोज़ इज़हार अपना फ़लाने की बेटी सगी से भी बढ़करजो अस्मत लुटी दिल है बेज़ार अपना…

  • मेरे यार से तुम मुखातिब करा दो | Mere Yaar Se

    मेरे यार से तुम मुखातिब करा दो मेरी कैफ़ियत को मुनासिब करा दो,मुहब्बत का मसला है वाज़िब करा दो। रहेगा ये अहसान मुझ पर हमेशामेरे यार से तुम मुखातिब करा दो। दुआ ना दया को किसी से कहेंगेसनम बस हमारे मुसाहिब करा दो ! रहेगी शिकायत न जग से कभी फिर,ज़रा इक मुलाक़ात वाज़िब करा…

  • क़यामत कम नहीं होती | Qayamat Kam Nahi Hoti

    क़यामत कम नहीं होती ( Qayamat Kam Nahi Hoti ) निकलते जब वो सज-धज के तो आफ़त कम नहीं होतीजिगर पर तीर चलते हैं क़यामत कम नहीं होती मुहब्बत बाँटिए जग में ये बरकत कम नहीं होतीमिले ख़ुशियाँ ज़माने को मसर्रत कम नहीं होती कहाँ आता किसी को अब सलीक़े से यहाँ चलनाचले हम ग़र…

  • प्यार की ये अजब रीत है | Pyar Ki ye Ajab Reet Hai

    प्यार की ये अजब रीत है ( Pyar Ki ye Ajab Reet Hai ) प्यार की ये अजब रीत है।हार में भी छुपी जीत है।। किससे शिकवा करें हम कहो,पास में जब नहीं मीत है।। धूप के साथ है छांव भी,ज़िन्दगी ऐसा ही गीत है।। दूर होकर लगे पास वो,हां यही सच कहूं प्रीत है।।…

  • आवाज़ मिला दी मैंने | Awaaz Mila di Maine

    आवाज़ मिला दी मैंने ( Awaaz Mila di Maine ) ज़िन्दगी उसके मुताबिक ही बना दी मैंनेउसकी आवाज़ में आवाज़ मिला दी मैंने इसलिए चेहरे पे रहता है तबस्सुम मेरेदिल दुखाती थी जो वो बात भुला दी मैंने ज़िन्दगी ऐसे मुहाने पे ले आई मुझकोआग अपनी ही तमन्ना में लगा दी मैंने उनका दीदार किसी…

  • आप की परछाईं | Aap ki Parchhai

    आप की परछाईं ( Aap ki Parchhai ) आप की परछाईं जब खुद आपसे डर जायेगीहै यक़ीं के यह भी तोहमत मेरे ही सर जायेगी मैं चिराग़ -ए- ज़िन्दगी हूँ मत छुओ मेरा बदनमैं अगरचे बुझ गया तो रोशनी मर जायेगी मेरी तस्वीर – ए- वफ़ा मत टाँगिये दीवार परयह किसी की आँख में पैदा…

  • अदा के नाम पे | Ada ke Naam Pe

    अदा के नाम पे ( Ada ke Naam Pe ) अदा के नाम पे ये बेहिसाब बेचते हैंकि हुस्न वाले खुलेआम ख़्वाब बेचते हैं जिन्हें शऊर नही है बू ओर रंगत कावो काग़ज़ों के यहाँ पर गुलाब बेचते हैं अमीर लोगो की फितना परस्ती तो देखोजला के घर वो ग़रीबों का आब बेचते हैं मुहब्बतों…

  • तेरे बग़ैर | Tere Bagair

    तेरे बग़ैर ( Tere Bagair ) वीरां यह गुलज़ार है तेरे बग़ैरकरना यह स्वीकार है तेरे बग़ैर हर नफ़स यह कह रही है चीख करज़िन्दगी बेकार है तेरे बग़ैर तेरी यह जागीर लावारिस पड़ीकौन अब मुख़्तार है तेरे बग़ैर मैं मदद को हाथ फैलाऊं कहाँसबके लब इनकार है तेरे बग़ैर क्या सजाऊं जाम पैमाने बताकिसको…

  • मंज़िल की जुस्तुजू | Manzil ki Justuju

    मंज़िल की जुस्तुजू ( Manzil ki Justuju ) मंज़िल की जुस्तुजू थी मैं लेकिन भटक गयामैं शहरे दिल को ढूँढने यूँ दूर तक गया आहट जो आने की मिली मुखड़ा चमक गयादिल याद कर के जल्वों को तेरे धड़क गया रिश्तों का ये पहाड़ ज़रा क्या दरक गयानाराज़ हो वो ख़त मेरे दर पर पटक…