हिस्से की शय | Laghu Katha Hisse ki Shay

वे तीन भाई थे।
मझले पक्के शराबी और जिद्दी।
छोटे वाले स्नातक और अपने कर्मों के भरोसेमंद ।
सबसे बड़े अध्यापक , पक्के कर्मकांडी, मगर बेहद चालाक।
बड़े ने विधवा माँ को बहला – फुसला कर बचे – खुचे बाप के धन पर हाथ साफ कर लिया। माँ के तेरहवें में सम्मिलित न होते हुए भी ज्यादा जमीनें हड़पने में लग गया। मझले ने उत्पात मचा कर अपना हक ले लिया लेकिन छोटे ने तकरार करना उचित नहीं समझा, और अपने छोटे- से मकान में सिमट गया।
मजा ये कि माँ – बाप, जो सदैव छोटे में रहे, की भटकती आत्मा, जैसी की सामाजिक मान्यता है, भी इसी के हिस्से आ गयी। दिन – प्रतिदिन छोटा मतिभ्रम की वजह से ब्लड सूगर व हाई ब्लडप्रेशर का शिकार हो गया।
एक दिन ऐसा आया कि छोटे का ब्लडप्रेशर इतना हाई हुआ कि वह फिर उठा ही नहीं।

 

डॉ.के.एल. सोनकर ‘सौमित्र’
चन्दवक ,जौनपुर ( उत्तर प्रदेश )

यह भी पढ़ें :-

जोकर | Laghu Katha Joker

Similar Posts

  • अंतर्द्वंद्व

    1996 की बात है। 12 वर्षीय मानव के घर पर गांव से उसके चाचा-चाची जी आये। चाची को समोसे बहुत पसंद थे। चाची ने आते ही समोसे खाने की अपनी इच्छा जाहिर की और बोली, “मुझे चेतराम के यहां के समोसे खाने हैं। बहुत दिनों से यहां आने की सोच रही थी, आज आई हूं…

  • टूटता आशियाना | Kahani Tootata Aashiyaana

    चारों तरफ अफरातफरी मची हुई है। पूरे मार्केट में सन्नाटा छाया हुआ है। सभी सर पर हाथ धरे बैठे हुए हैं। सरकारी फरमान जारी हो चुका है। सभी के मकान दमीजोख होंगे। रामू ने अभी किसी प्रकार से नया घर बनाया था। उसकी बहुत चाहत थी कि रोड पर एक कुटिया बनाकर दाल रोटी का…

  • क्या खोया? क्या पाया? | Kahani Kya Khoya Kya Paya

    घर में चारों ओर जाले लगे हुए हैं। कूड़ा कटकर भी जहां देखो पड़ा हुआ है । अबकी होली में घर में पुताई नहीं हुए हैं तो कोई बात नहीं लेकिन जाला भी नहीं साफ हो सकता है। बेटों की शादी करके बहू लाने से क्या फायदा जब बहुएं घर के साफ सफाई नहीं कर…

  • बारिश | Baarish

    मुझे याद है वो बारिश का पानी और उसके साथ की कहानी उस दिन सुबह से ही बादल गड़गड़ा रहे थे। हम सब कल्लू चाचा के घर भागवत भंडारे मे जाने को तैयार हो रहे थे। सबने नये कपड़े पहने थे मगर मैने पुरानी कमीज ही पहन रखी थी क्योंकी कल मुझे मेरे दोस्त के…

  • सॉल्वर

    2014 की बात है। एक दिन बाजार में सामान खरीदते वक्त मुझे मेरा कॉलेज समय का दोस्त विनोद टकरा गया। बातों बातों में उसने बताया कि वह बैंक में प्रोबेशनरी ऑफिसर (PO) है। “बैंक में पी०ओ० बनने के लिए आपने बहुत मेहनत की होगी। मैंने सुना है कि बैंक पी०ओ० का एग्जाम बड़ा कठिन होता…

  • मूहूर्तवाद | Muhurtvad

    आज जहां देखो वही मुहूर्त बताने वाले भविष्यवक्ताओं की लाइन लगी हुई है। सुबह-सुबह जब हम टीवी खोलते हैं तो यह भविष्यवक्ता जिनके खुद के भविष्य का कुछ नहीं पता संसार के भविष्य को बताते फिरते हैं। इन भविष्यवक्ताओ ने जितना नुकसान किया है हो सकता है और किसी ने नुकसान नहीं किया हो। देश…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *