Suna di Hamne

सुना दी हमने | Suna di Hamne

सुना दी हमने

( Suna di Hamne )

शम्अ उल्फ़त की जला दी हमने
पर सज़ा दिल को सुना दी हमने

राह हमदम की सजा दी हमने
उनकी दुनिया ही बसा दी हमने

रोशनी की थी जिन्होंने शब भर
उन चरागों को दुआ दी हमने

बन गया ग़ैर ज़माना लेकिन
यार की यारी निभा दी हमने

दौर-ए-हिज़्रा में भी ख़ुश है रजनी
दर्द-ए-दिल को न दवा दी हमने

रजनी गुप्ता ‘पूनम चंद्रिका’

लखनऊ, उत्तर प्रदेश

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