highness

उच्चता

उच्चता

कितना आकर्षक शब्द
किन्तु जितना आकर्षक
उतना ही दूर यह है
पुरुषार्थ और लगन से
कोई भी कार्य बेहतर होता है
संकल्प और प्रतिबद्धता
से होता बेहतरीन
कार्य को श्रेष्ठता का
जामा पहनाने के लिए
रहना पड़ता है सदैव
उसमें तन-मन से लीन
प्रतिभा और क्षमता के
योग से वो उच्चता पाता है
अपनी अलग पहचान बनाता है
चाहे जीवन विकास का
कार्य हो या
चाहे हो किसी में
योग्यता प्रदर्शन का चाहे
अध्ययन हो या अध्यात्म
हर स्थान पर सही से
ये सिद्धान्त होता है प्रतिपादित
समर्पित और उत्तम कार्याविधि
से कार्य हो आच्छादित
आदमी का मधुर
व्यवहार उसकी
शैली से बिना
देखें ही बता देता
है कि इस आदमी
में उच्चता है ।

प्रदीप छाजेड़
( बोरावड़)

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