आओ मिलकर दीप जलाएं

आओ मिलकर दीप जलाएं | Poem on Diwali in Hindi

आओ मिल कर दीप जलाएं

( Aao milkar deep jalaye )

 

*****

आओ मिलकर दीप जलाएं,
अपने जैसा हर घर चमकाएं।
पुष्पों दीपों से रौशन करें आंगन,
खुशियों से भर दें हर एक दामन।
जलाएं हंसी की फुलझड़ी,
टपके खुशियां घड़ी घड़ी।
ठहाकों की फोड़े पटाखा,
दूर करें जग की निराशा।
कृत्रिम रौशनी और आतिशबाजी से बचें,
स्वयं निरोग और सबको निरोगी रखें।
प्रदूषण जरा न फैलाएं,
वसुंधरा को भी बचाएं।
आने जाने वालों का मुंह मीठा करें,
अंतर्मन में सबके क्रांति सद्भाव की भरें।
उमंग उल्लास से भरे दिखें सब पुलकित,
ना रहे कोई व्यथित;
दिखे हर चेहरा हर्षित।
इस दीवाली कुछ ऐसा कर दिखाएं,
भारत को देख स्वर्ग भी लजा जाए।
सबके मन में ऐसी स्वर्णिम छवि बनाएं,
चहुंओर खुशियां ही खुशियां बिखेर आएं।
आओ मिलकर दीप जलाएं…

 

🍁

नवाब मंजूर

लेखक-मो.मंजूर आलम उर्फ नवाब मंजूर

सलेमपुर, छपरा, बिहार ।

यह भी पढ़ें : 

https://thesahitya.com/naiki-sarkar-kuch-na-kuch-kari/

 

Similar Posts

  • बढ़ती बेरोज़गारी

     बढ़ती बेरोज़गारी     रोज़ ही देखो बढ़ती बेरोज़गारी  क़त्ल मुफ़लिस के करती बेरोज़गारी   सोता भूखे पेट नहीं मासूम बच्चा जो नहीं इतनी होती बेरोज़गारी   आटा कैसे मैं ख़रीदूँगा भला अब बढ़ गयी यारों इतनी बेरोज़गारी   कैसे दूँ बिजली का बिल मैं भला ये दिल में ही आहें भरती बेरोज़गारी   बेटी…

  • मगर | Magar

    मगर ( Magar )    बेशक जिंदा हो तुम अपने भीतर जी भी लोगे हाल पर अपने किंतु, क्या जी सकोगे घर के भीतर ही ! समाज जरूरी है समाज और शहर के लोग जरूरी हैं देश और जगत का साधन जरूरी है बिना और के जीवित रहना संभव ही नहीं तब भी तुम्हारा यकीन…

  • hindi poem on child | बच्चों की हिन्दी लिखावट

    बच्चों की हिन्दी लिखावट ( Bacchon ki hindi likhawat )   देख टूट रही है आशा, छा रही मन में निराशा। दशा व दिशा, सुन उनके मन की व्यथा; कहूं क्या मैं कथा? देख सुन हैरान हूं, परेशान हूं। लकीरें चिंता की खिंच आई हैं, लाकर काॅपी जो उसने दिखाई है। माथा पकड़ लिया हूं,…

  • फुटपाथ | Footpath par kavita

    फुटपाथ ( Footpath )   सड़क के दोनों ओर, होती एक फुटपाथ। पैदल चलना हमे, राह अपनाइए।   नीति नियम से चले, जिंदगी की जंग लड़। फुटपाथ पे जो आए, ढांढस बताइए।   धन दौलत का कभी, मत करना गुमान। महलों से फुटपाथ, दूर ना बताइए।   फुटपाथ की जिंदगी, संघर्ष भरा पहाड़। मेहनत के…

  • मां महागौरी | Maa Mahagauri

    मां महागौरी ( Maa Mahagauri )    नवरात्रि की अष्टमी शुभ तिथि है आई, माता पूजन और हवन कर लो सब भाई। अष्टम दुर्गा के रूप में आती हैं महागौरी, वृष सवारी करती माता चार भुजाधारी। एक हाथ में त्रिशूल धरे दूजे डमरू बजाए, शान्त स्वभाव वाली माता वर मुद्रा दिखलाए। शिव प्रिया मां उमा…

  • अटल नियम | Atal Niyam

    अटल नियम ( Atal Niyam )    कौन देगा सम्मान आपको दिए नहीं जब आप किसी को समय रहा मूल्यवान आपको किया नहीं कदर और के वक्त को निभाया नहीं दिया वचन आपने रहे दिखाते उसे केवल सपने स्वप्न आपका भी पूरा होगा कैसे टूटते हैं सपने जब आपसे और के बदल देंगे क्या विधि…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *