जिंदगी में लेकर ये ख़ुशी

जिंदगी में लेकर ये ख़ुशी

 

 

जिंदगी में लेकर ये ख़ुशी

दूर हो हर दिल से बेबसी

 

हर तरफ़ हो ख़ुशी मुल्क में

हो नहीं हर आंखों में नमी

 

दूर रहना हर ग़म जीवन से

हो लबों पे सभी के हंसी

 

 हर होठों पे ग़ज़ल गीत हो

 ऐसी इस साल हो जिंदगी

 

जीस्त तन्हा कटे रब न अब

हाँ इस साल मिले  रहबरी

 

नफरतों की न हो बू यहां

प्यार से महके आज़म सभी

 

️✒️शायर: आज़म नैय्यर

(सहारनपुर )

यह भी पढ़ें : – 

सांसों में तेरी ख़ुशबू है -Hindi poem

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *