खूबसूरत हैं नज़ारे गांव में 
खूबसूरत हैं नज़ारे गांव में 

खूबसूरत हैं नज़ारे गांव में 

 

खूबसूरत हैं नज़ारे गांव में

प्यार के हैं बस इशारे गांव में

 

शहर में तो हर तरफ़ हैं नफ़रतें

सिर्फ़ उल्फ़त है हमारे गांव में

 

जो किसी भी शहर होते नहीं

वो हसीं देखें नजारे गांव में

 

देखने को खेत , दरिया, तितलियाँ

दोस्त आया हूं तुम्हारे गांव में

 

पक गयी हैं बाग़ों में अब अंबिया

दोस्त सुन कोयल पुकारे गांव में

 

देखकर दिल को सुकूं है ये बहुत

आज भी हैं भाईचारे गांव में

 

जा बसे सब दोस्त आज़म शहर में

अब रहें किसके सहारे गांव में !

 

 

✏

शायर: आज़म नैय्यर

(सहारनपुर )

 

यह भी पढ़ें : 

चेहरा उसका गुलाब लड़की का

1 COMMENT

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here