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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Mahak Pyar ki
    ग़ज़ल

    महक प्यार की | Mahak Pyar ki

    ByAdmin July 18, 2023

    महक प्यार की ( Mahak pyar ki )    कान में चूड़ी की खनक रही प्यार की दिल में कसक रही सांस में महक प्यार की उठी आज वो गुलों में लचक रही वो नहीं आये है सनम मिलने राह उसी की अब तलक रही इश्क़ में गिरफ़्तार दिल हुआ एक बस दिखाती झलक रही…

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  • Beti ke Janam par Kavita
    कविताएँ

    तेरे आने से | Beti ke Janam par Kavita

    ByAdmin July 18, 2023

    तेरे आने से ( Tere aane se )    मुंह टेढ़ा था नाक सिकुड़ी थी मन गिरा गिरा कर सब उदास खड़े थे,     तेरे आने से। पता नहीं क्यों इतना नफरत तुमसे! नाखुश हो जाते हैं भार सा लद जाता है,   तेरे आने से। समाज भी सम्मान नहीं करता मां बाप का…

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  • Baal Sakha
    कविताएँ

    बाल सखा हम | Baal Sakha

    ByAdmin July 17, 2023July 18, 2023

    बाल सखा हम ( Baal sakha hum )    छोड़ो – तोड़ो बंधनों को, आज जीने दो हम दोनों को। बालसखा हम मिलकर, छप्प-छप्पाई मचाएँगे। पानी का गीत गाएंँगे, बूँदों को भी साथ नचाएंँगे। ये हमारे मस्ती भरे रस्ते, किसी की परवाह हम कहांँ करते। बूंँदों में भीगने का आनंद, घर जा कर बताएंँगे ।…

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  • Sath
    कविताएँ

    साथ | Sath

    ByAdmin July 17, 2023

    साथ ( Sath )    वह साथ ही तुम्हे कभी साथ नही देता जिस साथ मे साथ की निजी लालसा हो दीवार कभी भी इतनी ऊंची न उठाओ की पड़ोसी के चीखने की आवाज सुनाई न दे ऊंचाई के भी हर पत्थर तो पूजे नही जाते तलहटी की शिलाओं मे भी भगवान बसते हैं तुम…

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  • Awadh me ram aaye hai
    साहित्यिक गतिविधि

    “अवध में राम आये है” पुस्तक में उदय की कविताओं का हुआ प्रकाशन

    ByAdmin July 17, 2023

    अवध में राम आये है इस नाम के प्रथम संस्करण का सफलतापूर्वक प्रकाशन माह जून 2023 में हुआ है यह पुस्तक ब्राइट एम. पी. पब्लिशर 1081 ए चाचा चौक नियर एन. आई. टी. फरीदाबाद हरियाणा 121005, मुद्रण एस. आर. एन. पी. प्रिंटर्स 1070 ए, राजीव नगर गुड़गाॅंव, हरियाणा- 122001 द्वारा प्रकाशित किया गया है जिसका…

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  • Haal-E-Dil
    ग़ज़ल

    हाल-ए-दिल बताना है | Haal-E-Dil

    ByAdmin July 17, 2023July 17, 2023

    हाल-ए-दिल बताना है ( Haal-e-dil batana hai )    हाल -ए – दिल उसे बताना है। आज कुछ भी नहीं छुपाना है। प्यार करके ये दिल बहुत रोया, और पीछे पड़ा ज़माना है। आँसुओं से लिखे है ख़त मैने, क्यूँ बना वो रहा बहाना है। बेवफ़ा वो नहीं पता मुझको, जान है वो उसे मनाना…

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  • Bandhit
    कविताएँ

    बंधित | Bandhit

    ByAdmin July 17, 2023

    बंधित ( Bandhit )    कल वो फिर नही आई मेरी काम वाली बाई और मैं सोचती रही क्या हुआ होगा पेट दर्द, सिर दर्द, हाथ दर्द या पैर में पीड़ा.. रोज सुबह चाय का कप साथ पीने के बहाने जब बैठा देती हुँ उसे काम के बीच रोककर देखती सुनती हुँ उसे तब उठती…

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  • Roti
    ग़ज़ल

    खेल ये है तमाम रोटी का | Roti

    ByAdmin July 17, 2023

    खेल ये है तमाम रोटी का ! ( Khel ye hai tamam roti ka )    सबसे ऊँचा मुक़ाम रोटी का हर कोई है गुलाम रोटी का अर्ज़ है सबके वास्ते कर दे ऐ ख़ुदा इंतज़ाम रोटी का मुफ़लिसों के लबों पे रहता है ज़िक्र बस सुब्ह ओ शाम रोटी का और कोई न कर…

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  • Khata Shayari
    ग़ज़ल

    हो गई खता यूँ ही | Khata Shayari

    ByAdmin July 16, 2023July 16, 2023

    हो गई खता यूँ ही ( Ho gayi khata yoon hi )   हो गया कितना बावला यूँ ही आँख से हो गई खता यूँ ही लोग मिलते रहे जुदा भी थे साथ में चलता काफिला यूँ ही याद फिर रोज वो लगे आने पहले जिनको भुला दिया यूँ ही चाह थी गर तो कह…

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  • Sapna Shayari
    ग़ज़ल

    आंखों में जिसका सपना है | Sapna Shayari

    ByAdmin July 16, 2023

    आंखों में जिसका सपना है ( Aankhon mein jiska sapna hai )    आंखों में जिसका सपना है ? दूर कहीं वो मुझसे रहता है कौन करे किससे यार वफ़ा उल्फ़त में होता धोखा है छोड़ सताना तू मुझको ही उल्फ़त में ही दिल टूटा है हाल कहूँ मैं किससे दिल का दोस्त न कोई…

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