Skip to content
TheSahitya – द साहित्य
  • Home
  • Write
  • Story
  • Poem
  • Article
  • Login/ Register
  • EnglishExpand
    • Hindi
    • Bhojpuri
    • Nepali
    • Urdu
    • Arabic
    • Marathi
    • Punjabi
    • Bengali
  • My ProfileExpand
    • Logout
    • Account
TheSahitya – द साहित्य
  • Geet chale aao mere gaon mein
    कविताएँ

    चले आओ मेरे गांव में | Geet chale aao mere gaon mein

    ByAdmin May 17, 2022May 17, 2022

    चले आओ मेरे गांव में ( chale aao mere gaon mein )     ठंडी ठंडी मस्त बहारे मदमस्त बहती मेरे गांव में चौपालों पर लोग मिलते बरगद की ठंडी छांव में चले आओ मेरे गांव में   सुख दुख के हाल पूछे मिल दुख दर्द सब बांटते मिलजुल कर खेती करते मिलकर फसल काटते…

    Read More चले आओ मेरे गांव में | Geet chale aao mere gaon meinContinue

  • Poem khoj
    कविताएँ

    खोज | Poem khoj

    ByAdmin May 17, 2022October 27, 2022

    खोज ( Khoj )   जिस सूरत को खोजने,दर दर भटके पाँव । किन्तु नहीं पाया उसे,कहीं किसी भी ठाँव ।।   शहर गाँव में हरतरफ, देख लिया सबओर । जाने पहचाने सभी ,पाया ओर न छोर ।।   चहल पहल का हरजगह,था विस्तृत संसार । शायद कोई बता दे , मेरा वांछित द्वार ।।…

    Read More खोज | Poem khojContinue

  • शब्दों का सफर
    कविताएँ

    शब्दों का सफर | अहमियत

    ByAdmin May 17, 2022

    शब्दों का सफर ( Shabdon ka safar )   अहमियत अहमियत उनको दो जो सच खातिर लड़ सके बात कहने का हौसला हो सच्चाई पे अड़ सके सच कहता हूं साथ देकर कभी नहीं पछताओगे जान की परवाह ना करें जो कीर्तिमान गढ़ सके जवाब ईट का जवाब हम पत्थर से देना जानते हैं। मेहमां…

    Read More शब्दों का सफर | अहमियतContinue

  • marwadi fatkaro
    कविताएँ

    ताती ताती लूंवा चालै | मारवाड़ी फटकारो

    ByAdmin May 17, 2022

    ताती ताती लूंवा चालै     धोळै दोपारां लाय बरसै आंधड़लो छा ज्यावै है ताती ताती लूंवा चालै आग उगळती आवै है   बळै जेठ महीनो तातो सड़का तपरी होकै लाल पंछीड़ा तिसायां मररया डांडा होरया है बेहाल   मिनख घूमै छांया ढूंढतो पड़रयो तावड़ो बेशूमार आवै पसीनो खूब ठाडो चक्कर खावै कितणी बार  …

    Read More ताती ताती लूंवा चालै | मारवाड़ी फटकारोContinue

  • Ghazal nibhaye saath jo
    शेरो-शायरी

    निभाए साथ जो | Ghazal nibhaye saath jo

    ByAdmin May 16, 2022May 16, 2022

    निभाए साथ जो  ( Nibhaye saath jo )     निभाए साथ जो वो हम सफ़र ऐसा कहाँ मिलता वफ़ाओ का मगर ऐसा यारों  रस्ता कहाँ मिलता   निभाए जो  हमेशा दोस्ती मुझसे  वफ़ा बनकर मुझे कोई यहाँ ऐसा  मगर  चेहरा कहाँ मिलता   तन्हाई दूर हों जाये  यहाँ  तो जीस्त की मेरी कहीं भी…

    Read More निभाए साथ जो | Ghazal nibhaye saath joContinue

  • Kavita man ka vishwas
    कविताएँ

    मन का विश्वास | Kavita man ka vishwas

    ByAdmin May 16, 2022

    मन का विश्वास (  Man ka vishwas )   बवाल बड़ा होता बोले तो हंगामा खडा हो जाता सहता रहा दर्द ए दिल को कब वक्त बदल जाता   वो मुश्किलें आंधियां रोकना चाहे मेरे होसलो को अल मस्त रहा मै सदा खुद को बुलंदियों पे पाता   अड़चनो को रास ना आया राहों पे…

    Read More मन का विश्वास | Kavita man ka vishwasContinue

  • Bhagwan ke dakiye chhand
    कविताएँ

    भगवान के डाकिए | Bhagwan ke dakiye chhand

    ByAdmin May 15, 2022

    भगवान के डाकिए ( Bhagwan ke dakiye )   फूलों की मस्त बहार, बहती हुई बयार। पेड़ पौधे नदी नाले, ईश्वर के डाकिए।   पशु पक्षी जीव जंतु, काले काले मेघ घने। हंसी वादियां पर्वत, ईश्वर के डाकिए।   चेहरे की चमक भी, होठों की मुस्काने सारी। दिलों की धड़कनें भी, ईश्वर के डाकिए।  …

    Read More भगवान के डाकिए | Bhagwan ke dakiye chhandContinue

  • Chhand daan aur dakshina
    छंद

    दान और दक्षिणा | Chhand daan aur dakshina

    ByAdmin May 15, 2022October 12, 2022

    दान और दक्षिणा ( Daan aur dakshina )   मनहरण घनाक्षरी     दान दीजिए पात्र को, दक्षिणा विप्र जो होय। रक्तदान महादान, जीवन बचाइए।   पात्र सुपात्र को देख, दान जरूर कीजिए। अन्नदान सर्वोत्तम, भोजन खिलाइए।   अनुष्ठान करे कोई, जप तप पूजा-पाठ। ब्राह्मण भोजन करा, दक्षिणा दिलाइए।   तुलादान छायादान, कर सको कन्यादान।…

    Read More दान और दक्षिणा | Chhand daan aur dakshinaContinue

  • Geet pyasa man
    कविताएँ

    प्यासा मन | Geet pyasa man

    ByAdmin May 15, 2022

    प्यासा मन ( Pyasa man )   उमड़ घुमड़ बदरिया बरसे बरसाओ प्रेम जरा सा सावन की झड़ी लग रही मन मेरा फिर भी प्यासा मन मेरा फिर भी प्यासा   महकी मन की बगिया फूलों की मुस्कानों सी देखता हूं जब भी तुझको झूमती दीवानों सी इक आहट से दिल धड़कता प्रेम गीत भरा…

    Read More प्यासा मन | Geet pyasa manContinue

  • Chhand chhav ki talaash
    कविताएँ

    छांव की तलाश | Chhand chhav ki talaash

    ByAdmin May 15, 2022

    छांव की तलाश ( Chhav ki talaash )   चिलचिलाती धूप में, पंछी पानी को तरसे। गर्मी से व्याकुल फिरे, छांव की तलाश में।   सूख गये नदी नाले, छाया सब ढूंढ रहे। गर्म तवे सी धरती, तप रही आग में।   झुलस रहे हैं सारे, जलती हुई धूप में। ठंडी छांव मिले कहीं, चल…

    Read More छांव की तलाश | Chhand chhav ki talaashContinue

Page navigation

Previous PagePrevious 1 … 603 604 605 606 607 … 837 Next PageNext
  • Home
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • About Us
  • Contact us
  • Sitemap
Facebook X Instagram YouTube TikTok

© 2026 TheSahitya - द साहित्य

  • English
    • Hindi
    • Bhojpuri
    • Nepali
    • Urdu
    • Arabic
    • Marathi
    • Punjabi
    • Bengali
  • Home
  • Write
  • Story
  • Poem
  • Article
  • Login/ Register
Search