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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • क्या खता थी नजर मिलाना था
    शेरो-शायरी

    Ghazal | क्या खता थी नजर मिलाना था

    ByAdmin March 10, 2021

    क्या खता थी नजर मिलाना था ( Kya Khata Thi Nazer Milana Tha )     क्या  ख़ता  थी  नजर मिलाना था, लेके  खंजर  खड़ा  ज़माना  था।। हादशा   हुआ   तो   हुआ   कैसे, कुछ ही लोगों का आना जाना था‌।। मैं ही खुशबू हूं उनके गुलशन की, उनका  हरदम  यही  बहाना था।। बहुत  सम्भाला  मगर  टूट…

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  • नाम नही
    कविताएँ

    Kavita | नाम नही

    ByAdmin March 10, 2021March 10, 2021

    नाम नही ( Naam Nahi )   संघर्षो  के  रूग्ण धरातल, पे अब उनका नाम नही। जाने कितने कटे मरे पर, कही भी उनका नाम नही।   ये आजादी चरखे के, चलने से हमको नही मिली, लाखों ने कुर्बानी दी पर, कही भी उनका नाम नही।   बूंद बूंद मिलती है तब ये, सागर विस्तृत…

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  • अपनों ने गम से ही भरा जीवन
    शेरो-शायरी

    Sad Ghazal | अपनों ने गम से ही भरा जीवन

    ByAdmin March 10, 2021March 10, 2021

    अपनों ने गम से ही भरा जीवन ( Apno Ne Gham Se Hi Bhara Jeevan )     अपनों ने ग़म से ही भरा जीवन लूटकर सुख ऐसा किया जीवन   आंसू ग़म इतने है मिले मुझको हाँ  ख़ुशी  के लिए जला जीवन   तोड़कर  प्यार  की  दीवारे  वो ग़म भरा मेरा कर गया जीवन…

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  • कितनी हिम्मत वाली नारी है
    शेरो-शायरी

    Ghazal | कितनी हिम्मत वाली नारी है

    ByAdmin March 9, 2021March 9, 2021

    कितनी हिम्मत वाली नारी है ( kitni  Himmat Wali Nari Hai )     कितनी हिम्मत वाली नारी है मुश्किल से न कभी हारी है   संसार चलाती है यें लोगों देखो यें सबसे  न्यारी है   सम्मान करो नारी का ही लगती यें  तुलसी प्यारी है   देती ख़ुशबू प्यार भरी ही नारी फ़ूलों…

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  • हां वफ़ा का जिसे लिखा खत है
    शेरो-शायरी

    Ghazal | हां वफ़ा का जिसे लिखा खत है

    ByAdmin March 8, 2021March 8, 2021

    हां वफ़ा का जिसे लिखा खत है ( Han Wafa Ka Jise Likha Khat Hai )   हां वफ़ा का जिसे लिखा ख़त है ! दें  गया  वो  मुझे  बेवफ़ा ख़त है   शहर  जाकर  भुला  मुझे  ऐसा फ़िर कभी भी नहीं लिखा ख़त है   वो  न  देता  जवाब  कोई  भी की लिखा प्यार…

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  • ये क्या हो रहा है
    कविताएँ

    Kavita | ये क्या हो रहा है

    ByAdmin March 8, 2021March 8, 2021

    ये क्या हो रहा है  ( Ye Kya Ho Raha Hai )     घर से बाहर निकल कर देखिए- मुल्क़ में ये क्या हो रहा है, सबका पेट भरने वाला आजकल सड़कों पर भूखे पेट सो रहा है । मुल्क़ में ये…   खेतों की ख़ामोशियों में काट दी जिसने अपनी उम्र सारी, बुढ़ापे…

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  • आदमी
    शेरो-शायरी

    Ghazal | आदमी

    ByAdmin March 7, 2021October 8, 2023

    आदमी ( Aadmi )   हर  तरफ मजबूरियों में, रो  रहा है  आदमी। आंसुओं से जख़्मे दिल को,धो रहा है आदमी।   कौन किसके दर्द की,आवाज को सुनता यहॉं, डालकर  कानों  में  रूई,  सो  रहा है आदमी।   दौरे तूफॉं में चैन से,जीना कोई मुमकिन नहीं, भार  अपनी  ज़िंदगी  का, ढो रहा है आदमी।  …

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  • दिलों को तोड़ने वाले जहां में कम नहीं मिलते
    शेरो-शायरी

    Ghazal | दिलों को तोड़ने वाले जहां में कम नहीं मिलते

    ByAdmin March 7, 2021March 7, 2021

    दिलों को तोड़ने वाले जहां में कम नहीं मिलते ( Dilon Ko Todne Wale Jahan Mein Kam Nahi Milte )   दिलों  को  तोड़ने  वाले जहां में कम नहीं मिलते। मगर फिर भी ज़माने में हमेशा ग़म नहीं मिलते।।   कभी  खुशियाँ चली आती कभी हो सामना ग़म से। मिटा दे सिर्फ ग़म को जो…

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  • जिंदगी में खुशी नहीं आती
    शेरो-शायरी

    Ghazal | जिंदगी में खुशी नहीं आती

    ByAdmin March 6, 2021March 6, 2021

    जिंदगी में खुशी नहीं आती   ( Zindagi Mein Khushi Nahi Aati )   जिंदगी  में  खुशी नहीं आती हाँ  ऐसी आशिक़ी नहीं आती   आबरु लुट जाए अगर जो ये लौटकर वो  कभी नहीं आती   लुट जाते है जो प्यार में यारों उन  लबो पे हंसी नहीं आती   जब अधेरे घेरे है…

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  • कैसा दौर जमाने आया
    कविताएँ

    Ghazal | कैसा दौर जमाने आया

    ByAdmin March 5, 2021March 5, 2021

    कैसा दौर जमाने आया ( Kaisa Daur Jamane Aya )   कैसा   दौर   जमाने   आया। लालच है हर दिल पे छाया।।   बात  कहां  वो अपनेपन की। सब कुछ लगता आज पराया।।   कोई  सच्ची  बात  न  सुनता। झूठ सभी के मन को भाया।।   कौन किसी से कमतर बोलो। रौब  जमाते  सब  को  पाया।।…

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