तेरी याद

तेरी याद – मेरी कविता

तेरी याद – मेरी कविता

सुनो दिकु…

आज जब तेरी खबर मुझ तक आई,
आँखें भीग गईं, रूह मुस्काई।
सुना — आज भी वही जज़्बा है,
दिकुप्रेम तेरे दिल में भी ज़िंदा है।

रोक रखा है तुझे वक़्त और क़समों ने,
तेरे फ़र्ज़ और रिश्तों ने।
तू चाहकर भी कुछ कह नहीं पाती,
पर तेरी ख़ामोशी मुझसे बात है कर जाती।

मैं आज भी तुझसे उतना ही प्यार करता हूँ,
तेरी ख़ुशी की हर रोज़ इबादत करता हूँ।

अगर कभी तन्हा लगे तुझको,
तो बस मेरी कविताओं को पढ़ लेना दिकु।
मेरे हर लफ़्ज़ में तेरा ही नाम लिखा है,
मेरी कलम ने तुझे ही हर शे’र में बुन रखा है।

मैं जी रहा हूँ बस इसी उम्मीद में,
कि मेरी कविता पढ़कर मुस्काए तू ज़ेहन में।

और हाँ…
मेरा प्यार अब भी सदा है तेरे लिए,
दिकु — वो पहले से भी ज़्यादा है तेरे लिए।

कवि : प्रेम ठक्कर “दिकुप्रेमी”
सुरत, गुजरात

यह भी पढ़ें :

Similar Posts

  • वो घास हैं

    वो घास हैं पाश हो या सफदर हाशमीया हो फिर भगत सिंहइन तीन नाम में छिपे हैं कई और नामडराया गयाधमकाया गयामारा गयाकोशिश की गई उनके विचारों को मिटाने कीक्या फिर भी मिट पाए ये नाम?क्या नेस्तनाबूद हुए उनके विचार ? वो तो घास हैंहर बार उग आते हैं कहीं ना कहींजो जगह कर दी…

  • के बी राइटर्स साहित्यिक मंच | KB Writers

    के बी राइटर्स साहित्यिक मंच ( K B Writers saahityik manch )    वार्षिकोत्सव की पावन बेला पर देते आपको बधाई, साहित्यिक गतिविधियों में अद्वितीय सेवाऍं निभाई। छोटे-बड़े और नऐ कलमकारों का इसने दिल जीता, केबी राइटर्स साहित्य मंच की इस-दिन नींव लगाई।। सफ़र संघर्ष का शुरु किया था आपने ०३ वर्ष पहले, धीरे-धीरे कलमकार…

  • तपन | Tapan

    तपन ( Tapan )    तपन है जैसे तपती रेत मे नंगे पांव की मिली न बसर जिंदगी मे किसी छांव की चलता ही रहा ,फजर से शामेरात तक मिली न सराय कोई ,शहर से गांव तक बच्चों ने कहा ,भविष्य है उनके बच्चों का बेटियों ने कह दिया ,पापा हमे भूल गए अपनों की…

  • बाल अपराध | Kavita bal apradh

    बाल अपराध ( Bal apradh )   क्या लिखूं मैं उस मासूमियत के लिए , जिसे सुन हाथों से कलम छूट जाती है। हृदय मेरा सहम जाता है। उनकी चीखें गूंज रही मेरे इन कानों में क्योंकि हर बच्चे के अश्रु ये कहते हैं यूं ही नहीं होता कोई बच्चा बाल अपराध का शिकार, कुछ…

  • प्रेम का आध्यात्मिक महत्व | Prem ka Adhyatmik Mahatva par Kavita

    प्रेम का आध्यात्मिक महत्व ( Prem ka adhyatmik mahatva )    प्रेम कृष्ण की लीला है प्रेम राधा का प्यार प्रेम धुन तान बंसी की प्रेम है जग आधार प्रेम में बंधी ये दुनिया प्रेम गीता का सार प्रेम वश दौड़े आते सारे जग के करतार प्रेम दीवानी मीरा थी कृष्ण भक्ति में नाची कुदरत…

  • दर्द की रेखा | Dard ki Rekha

    दर्द की रेखा ( Dard ki rekha )   जुडा हो जिसका रिश्ता दर्द से वही समझ सकता है किसी का दर्द मिली हो वसीयत जिसे पुरखों की उसे संस्कार भी मिला होना चाहिए सभ्यता तो देन है शिक्षित ज्ञान की व्यवहार भी देखकर सीख जाते हैं संस्कार ही पहचान कराते हैं ज्ञान की कपड़े…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *