Chitr Abhivyakti

चित्र अभिव्यक्ति | Chitr Abhivyakti

चित्र अभिव्यक्ति

( Chitr abhivyakti )

 

तेरी मेरी बस इतनी कहानी है,
कुछ यादें और यमुना का पानी हैं,
तू चाहे तो भुला दे कृष्णा सभी को!
मेरी आंखों में तेरी सूरत सुहानी है ।।

राधा मुख से यह कह ना सके,
कितना प्रेम है हृदय में उसके
जो प्रेम करे राधा कृष्ण से जब
ये दुनिया ही उसकी दीवानी हैं।।

पग धुली लेकर जो सोए मीरा
नाम जाप करे बनके फकीरा ,
राधा का त्याग कैसे देखे जाने
हृदय पुष्प पीर से बने जो हीरा ।।

 

आशी प्रतिभा दुबे (स्वतंत्र लेखिका)
ग्वालियर – मध्य प्रदेश

dubeyashi467@gmail.com

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