ईश प्रार्थना बल देती है

ईश प्रार्थना बल देती है

ईश प्रार्थना बल देती है

( Eesh prarthana bal deti hai )

 

ईश प्रार्थना बल देती, हिम्मत और संबल देती है।
आस्था विश्वास प्रेम से, उर में शक्ति भर देती है।

 

मनोकामना पूरी करके, खाली झोली भर देती है।
आशाओं के दीप जला,ईश प्रार्थना बल देती है।

 

हर लेते प्रभु संकट सारे, सच्चे हृदय जो पुकारे।
जीवन में कर उजियारा, दूर करें मन के अंधियारे।

 

घट घटवासी अंतर्यामी, अंतर्मन पीड़ा छू लेती है।
भक्त वत्सल प्रभु हमारे, ईश प्रार्थना बल देती है।

 

सब को जीवन देने वाले, सारे जग के वो करतार।

 

विघ्न बाधायें मार्ग से, सभी सहायक हो लेती है।
जीवन में खुशियां बरसे, ईश प्रार्थना बल देती है।

 

जो सबके काम आता, हरिभजन में दिन बिताता।
आठों पहर प्रभु वंदन, हर कारज मंगल हो जाता

 

उसकी लीला वो ही जाने, कब प्रलय कर देती है।
भक्ति में शक्ति अपार है, ईश प्रार्थना बल देती है।

?

कवि : रमाकांत सोनी

नवलगढ़ जिला झुंझुनू

( राजस्थान )

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