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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Kavita Wah re Abhineta Mahan
    कविताएँ

    वाह रे अभिनेता महान | Kavita Wah re Abhineta Mahan

    ByAdmin February 28, 2023

    वाह रे अभिनेता महान ( Wah re abhineta mahan )    बड़े-बड़े अदाकारा बड़े-बड़े अभिनेता कर रहे विज्ञापन पियो कोकोकोला और खेलो रम्मी समय नष्ट करने मस्तिष्क में बसा है एक मायाजाल चकित भ्रमित रहा उम्र का नहीं ख्याल माता पिता के बैलेंस धीरे-धीरे खत्म करा बच्चे डूब गए इसमें उम्र गुजार देते है वह…

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  • Akshru Mata par Kavita
    कविताएँ

    अछरू माता | Akshru Mata par Kavita

    ByAdmin February 28, 2023February 28, 2023

    अछरू माता ( Akshru Mata )    पंडित देता नहीं प्रसाद कुंड से प्रकट प्रसाद नाम पड़ा अच्छरू माता हर कोई यहा शीश नवाता कभी नारियल कभी जौ कभी मलीदा कभी फल माता देती स्वयं प्रकट हो दूर-दूर से आते है लोग भरता है जहां पर मेला नवदुर्गा की बात निराली माता है चमत्कार वाली…

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  • Kavita Corona Mara na
    कविताएँ

    कोरोना मरा ना | Kavita Corona Mara na

    ByAdmin February 28, 2023

    कोरोना मरा ना ( Corona mara na )    मैं हूँ कोरोना, मुझ से डरो ना। अभी मैं मरा नही, लापरवाही करों नही।। धीरे-धीरे आ रहा में वापस, रहना भीड़ से तुम दूरी बनाकर। मास्क सदैव लगाकर के सब रहना, बाहर से आतें ही हाथ साबुन से धोना ।। मुझे ना लेना आज कोई हल्के,…

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  • Poem Kali Julfe
    कविताएँ

    काली जुल्फे | Poem Kali Julfe

    ByAdmin February 28, 2023

    काली जुल्फे ( Kali julfe )    काली जुल्फे काली लटाएं उमड़ आ रही हो घटाएं काले केश मेघ से छाये बादलों में चांद छुप जाए गोरा बदन गाल गुलाबी काली जुल्फे लगे शराबी मदहोशी देख छा जाए गौर वर्ण जादू कर जाए नैना ज्यो लगे तीर कटार जुल्फें करे फिर भी वार दीवाने डूब…

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  • सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा | Poem Sare Jahan se
    कविताएँ

    सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा | Poem Sare Jahan se

    ByAdmin February 27, 2023

    सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा! ( Sare Jahan Se Achha Hindustan Hamara )    ( बदहाली की राह पर चले पाकिस्तान की एक खातून ने ख्वाब में अपने पति से क्या गुफ़्तगू की, आप भी समझिए: )  मैं और मेरे शौहर अक्सर ये बातें करते हैं- कि यदि हम भारत में होते,तो कितना अच्छा…

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  • Pareshani par Kavita
    कविताएँ

    परेशानी | Pareshani par Kavita

    ByAdmin February 27, 2023

    परेशानी ( Pareshani )    दिल थाम लो जरा तुम तिरछी धाराओं को मोड़ दो राह की अड़चन बन जाये उन बेड़ियों को तोड़ दो बाधाओं मुश्किलों ने घेरा परेशानियां बुन रही जाल आंधी तूफां आते जाते चलना जरा कदम संभाल घोर निराशाओं के बादल जब आके सर पे मंडराए धीरज धरना मीत मेरे हिम्मत…

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  • Daisy Chain Poem in Hindi
    कविताएँ

    रंग | Daisy Chain Poem in Hindi

    ByAdmin February 27, 2023

    रंग ( Rang )    विधा: डेजी चैन   रंग रंगीला फागुन आया आया मधुमास महकता महकता रहा चमन सारा सारा समां झूमा खुशियां पा पा लेना मुस्कानों के मोती मोती से शब्द अनमोल अनमोल है बड़ों का प्यार प्यार भरे दो बोल मीठे मीठे मीठे रसीले गाल गोरी तेरे तेरे संग खेलूं सजनी होली…

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  • Poem Udti Patang si Fitrat
    कविताएँ

    उड़ती पतंग सी फितरत | Poem Udti Patang si Fitrat

    ByAdmin February 27, 2023February 27, 2023

    उड़ती पतंग सी फितरत ( Udti patang si fitrat )    व्योम तलक उड़ाने उंची आसमां तक छा जाऊं। मन करता दुनिया घूम लूं पंख लगा उड़ पाऊं। उड़ती पतंग सी फितरत डोर को थामे रखना। दुनिया के रंग निराले खुशियों की शामे रखना। उड़ती रहे नील गगन में विविध भांति रंग लिए। अटकलें आसमानों…

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  • Geet Bojh Kyon Banoon
    गीत

    मैं धरती पर बोझ क्यों बनूं | Geet Bojh Kyon Banoon

    ByAdmin February 27, 2023February 27, 2023

    मैं धरती पर बोझ क्यों बनूं ( Main dharti par bojh kyon banoon )    हंसता खिलखिलाता रहूं, बिना बात ही क्यों तनूं। काम भलाई का करूं, मैं धरती पर बोझ क्यों बनूं। मैं धरती पर बोझ क्यों बनूं प्रेम के तराने लब सजा दूं ,मैं गीत सुरीले से गाऊं। सुख दुख जीवन के पहलू,…

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  • Gaon par Kavita
    कविताएँ

    एक नज़र देखों गाॅंव की ओर | Gaon par Kavita

    ByAdmin February 27, 2023

    एक नज़र देखों गाॅंव की ओर ( Ek nazar dekho gaon ki ore )   एक नजर देखो गाँवो की और हालत ठीक नही है चारों और। ज़हर उगल रहा कोरोना आज गांव भी सुरक्षित नही है आज।। गुस्सा भरा है हर एक-एक ठोर सभी पड़े है अपनी-अपनी ठोर। खाने को अनाज नही अब और…

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