तुम मेरे हो | Geet
तुम मेरे हो ( Tum mere ho ) तुम मेरे हो तुम मेरे हो, सुंदर शाम सवेरे हो। जीवन की बगिया में तुम, खिलते फूल घनेरे हो। मुस्कानों से मोती झरते, प्रेम उमड़ता सागर सा। महक जाता दिल का कोना, प्रेम भरी इक गागर सा। मधुबन मन का खिलता जाता, प्रियतम तुम…










