Matdan ka Mahakaj

चुनाव परीक्षा पर्व | Kavita Chunav Pariksha Parv

चुनाव परीक्षा पर्व 

( Chunav Pariksha Parv )

 

कल चुनाव परीक्षा पर्व है
हमारा आप पर गर्व है

तैयारी करो तन मन से
उत्तीर्ण होना परीक्षा पर्व है

मानस बना दो चित्त से
अंक अनंत परीक्षा पर्व है

हर बूथ परीक्षा क़ेंद्र मज़बूत
करना मतदान परीक्षा पर्व है

तरक़्क़ी वास्ते परीक्षा पास ज़रूरी
बनोगे नवाब परीक्षा पर्व है

परीक्षा पर्व पर गर्व हमारा
एकजुट मत परीक्षा पर्व है

पास होकर जशन मनायें ‘कागा’
ह़क़ है परीक्षा पर्व है

कवि साहित्यकार: डा. तरूण राय कागा

पूर्व विधायक

यह भी पढ़ें :-

कागा की कविताएं | Kaga Hindi Poetry

Similar Posts

  • आँसू | Aansoo par kavita

    आँसू! ( Aansoo )   हजारों किस्म के देखो होते हैं आँसू , जुदाई में भी देखो गिरते हैं आँसू। तरसते हैं जवाँ फूल छूने को होंठ, ऐसे हालात में भी टपकते हैं आँसू। बहुत याद आती है दुनिया में जिसकी, आँखों से तब छलक पड़ते हैं आंसू। तबाही का मंजर जब देखती हैं आँखें,…

  • गिरे आंखों से आंसु तो क्या

    गिरे आंखों से आंसु तो क्या गिरे आंखों से आंसु तो क्या ,नहीं मिले गले उनके तो क्या ,तराने लिखने मिले थे दो डगर,नहीं लिख सके मिलन गीत तो क्या ,गिरे आंख से आंसू तो क्या …..सभी कदम तरंग की धुन में ,कोई सुने कुछ कोई कुछ मन में ,मिलाते रहे बिंदुओं को रेख में,जिन्हें…

  • तुम्हारा साथ और तुम

    तुम्हारा साथ और तुम मैंने हमेशा प्रयत्न किया,अपने अनुराग को पारावार देने का,एवं उसकी नीरनिधि में समाने का,तुम्हारे चेहरे की आभा,और उस पर आईहँसी कोकायम रखने का,किन्तु-मैं हमेशानाकामयाब रही,क्योंकि–तुम मुझे एवं मेरे प्यार कोसमझ ही नहीं पाये।तुम मेरीभावनाओं में लिप्त,परवाह कोभांप न सके,मालूम है कि-हमेशा साथ संभव नही,फिर भी मैंने हमेशा ढूंढ़ी तलाशी,तुम्हारे साथ रुक…

  • अरज सुनो माते | Araj Suno Mate

    अरज सुनो माते ( Araj Suno Mate ) हर जनम तुमको मनाती। सर्वस्व को मैं हूँ पाती। इस जनम भी मिला दो मांँ। प्रभु चरण घर दिला दो मांँ । प्राण हीन मैं उनके बिना । मर-मर हो रहा है जीना। खुशी के प्रसुन खिला दो मांँ । प्रभु चरण घर दिला दो मांँ ।…

  • मेरा परिचय | Sumit ka Parichay

    मेरा परिचय ( Mera Parichay )   सुमित मानधना ‘गौरव’ नाम है, व्यापार करना मेरा मूल काम है। लेखक शायर कवि हूँ मैं बाय प्रोफेशन, कहानी शायरी कविता लिखना है पैशन। पैरोडी सोंग्स भी मैं अक्सर बनाता हूँ, स्टैंड अप कॉमेडी से सबको हँसाता हूँ । एक्टिंग व राइटिंग के ऐप्स रहते मेरे संग है,…

  • किसानों की राहें | Kisano ki Rahen

    किसानों की राहें! ( Kisano ki Rahen )   आँसू से लथपथ किसानों की राहें, कोई उनसे कह दे वो घर लौट जाएँ। सियासी अखाड़े उन्हें छोड़ दें अब, मुसीबत पहाड़ों की या तोड़ दें अब। लागत किसानों की तो वो दिलाएँ, कोई उनसे कह दे वो घर लौट जाएँ। आँसू से लथपथ किसानों की…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *